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गज शिशु की मौत, हाथियों ने छूने नहीं दिया शव
ब्यूरो/अमर उजाला, श्यामपुर (हरिद्वार)
Updated Fri, 19 Dec 2014 10:10 PM IST
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हरिद्वार के श्यामपुर रेंज की खारा बीट में बृहस्पतिवार शाम नवजात नर गज शिशु की मौत हो गई। गज शिशु की मौत की सूचना पर विभागीय अधिकारी मौके पर पहुंचे, लेकिन हाथियों के झुंड ने वन विभाग के कर्मचारियों और अधिकारियों को शव के पास फटकने तक नहीं दिया। इसके बाद शुक्रवार सुबह गज शिशु को पोस्टमार्टम के बाद दफनाया जा सका।
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हटाने से नहीं हटे हाथी
श्यामपुर वन रेंज के कर्मचारियों को गश्त के दौरान खारा बीट में एक नवजात गज शिशु का शव पड़ा मिला। कर्मचारियों की सूचना पर वन विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे, लेकिन मौके पर हाथियों का झुंड होने के कारण वन विभाग के कर्मचारी शव के पास नहीं पहुंच पाए।
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वन्यकर्मियों ने हाथियों को मौके से खदेड़ने की भरपूर कोशिश की, लेकिन नाकाम साबित हुए। शुक्रवार सुबह विभाग के अधिकारियों और डॉक्टरों की टीम ने शव को बमुश्किल कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम कर दफना दिया। डॉक्टर अशोक कुमार ने बताया कि गज शिशु की उम्र एक दिन थी।
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प्रसव के दौरान हुई मौत
जन्म के दौरान गले में नॉल फंस जाने के कारण उसकी मौत हुई है। इस दौरान मौके पर उप प्रभागीय वनाधिकारी संतराम, रेंज अधिकारी यशपाल राठौर, डॉ. गरिमा शर्मा, सुनील भदूला, अशोक चौहान आदि मौजूद रहे।