चलते-चलते उत्तराखंड को 'खास' तोहफा दे गए कुरैशी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तराखंड से तबादला होने की खबर के बाद लंबे समय से अटकी फाइलों को ताबड़तोड़ निपटाने के दौरान तत्कालीन राज्यपाल डॉ. अजीज कुरैशी प्रदेश को एक और निजी विश्वविद्यालय का तोहफा दे गए।
रुड़की स्थित ‘मदरहुड इंस्टीट्यूट’ को निजी विवि का दर्जा देने की फाइल पर डॉ. कुरैशी ने अपने कार्यकाल के आखिरी दिन यानी सात जनवरी को हस्ताक्षर किए।
उत्तराखंड में 23 निजी, सरकारी और डीम्ड विवि होने के बावजूद भले ही उच्च शिक्षा के स्तर पर नैनीताल उच्च न्यायालय तल्ख टिप्पणी कर चुका हो, लेकिन इस बीच एक और निजी विवि अस्तित्व में आ गया।
मंत्रिमंडलीय बैठक में कई माह पूर्व रुड़की के मदरहुड इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी (एमआईएमटी) को विश्वविद्यालय का दर्जा देने का प्रस्ताव पारित हो गया था, लेकिन फाइल राजभवन में अटकी हुई थी।
मिजोरम तबादला किए जाने की जानकारी के बाद राज्यपाल डॉ. अजीज कुरैशी ने लंबित फाइलों को निपटाना प्रारंभ किया। इसी क्रम में रवानगी से ऐन पहले सात जनवरी को उन्होंने मदरहुड को निजी विवि बनाने की फाइल पर भी हस्ताक्षर कर दिए।
नवंबर 2004 में स्थापित इस कॉलेज को अलग-अलग पाठ्यक्रमों के लिए हेमवती नंदन बहुगुणा केंद्रीय विवि और उत्तराखंड तकनीकी विवि के अलावा एनसीटीई जयपुर और उत्तराखंड बोर्ड आफ टेक्निकल एजूकेशन (यूबीटीईआर) से मान्यता प्राप्त है।
मदरहुड के राजीव त्यागी ने विश्वविद्यालय को राज्यपाल की मंजूरी मिलने पर हर्ष जताया। उन्होंने कहा कि वह गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए प्रयास जारी रखेंगे।
अब प्रदेश में 24 विश्वविद्यालय
प्रदेश में विश्वविद्यालय खोलने की होड़ सी लगी हुई है। इस कड़ी में मदरहुड का नाम जुड़ने के बाद प्रदेश में कुल निजी, सरकारी और डीम्ड विवि की संख्या 23 से बढ़कर 24 पहुंच गई है। अब प्रदेश में नौ राज्य विवि, चार डीम्ड विवि और 11 निजी विवि हैं।
डीएवी को 1760 सीटों की सौगात
रवानगी से पहले राज्यपाल डॉ. अजीज कुरैशी ने डीएवी महाविद्यालय में सांध्यकालीन कक्षाओं के लिए 1760 सीटों व्यवस्था करने की फाइल पर भी हस्ताक्षर कर दिए।
छह जनवरी को जारी आदेश के अनुसार डीएवी में बीए हिंदी, अंग्रेजी, इतिहास, राजनीतिशास्त्र और समाजशास्त्र में हर विषय में 160 सीटें, बीएससी में फिजिक्स, केमिस्ट्री, मैथ्स, बॉटनी, जूलॉजी, इकोनॉमिक्स, सांख्यिकी में प्रत्येक की 160 सीटें और बीकॉम में कुल 240 सीटों की संबद्धता श्रीदेव सुमन विश्वविद्यालय से जारी की गई है।
हालांकि इससे पहले ही शासन स्तर पर सीटों की संख्या बढ़ाने की बात हुई थी। इसके तहत डीएवी का निरीक्षण भी हो चुका है, लेकिन इस फाइल का अभी कुछ अता पता नहीं है।