खालिस्तान लिबरेशन फोर्स को हथियार सप्लाई करने वाला रुड़की से गिरफ्तार
- पहचान छिपा एक साल से मुंह बोली बहन के यहां रह रहा था
- मेरठ जिले का रहने वाला है पकड़ा गया युवक
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खालिस्तान लिबरेशन फोर्स (केएलएफ) के शीर्ष नेता हरमीत सिंह उर्फ हैप्पी पीएचडी के दाहिने हाथ गुगनी ग्रेवाल को हथियार सप्लाई करने वाले युवक को यूपी एटीएस ने रुड़की से गिरफ्तार किया है। वह पहचान छिपाकर करीब एक साल से रुड़की में जादूगर रोड, सिविल लाइंस में अपनी मुंह बोली बहन के यहां रह रहा था।
जानकारी के मुताबिक केएलएफ को हथियार सप्लाई करने वाले पंजाब के वांछित आशीष कुमार, पुत्र रामवीर सिंह निवासी ग्राम टीकरी, पोस्ट-थाना जानी, जनपद मेरठ पर मोहाली (पंजाब) में हथियार सप्लाई करने, धोखाधड़ी समेत कई संगीन धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। आशीष का नाम आतंक की दुनिया में उस समय सामने आया था, जब पंजाब पुलिस ने बीती 23 नवंबर 2019 को हत्या, सुपारी लेकर हत्या, लूट रंगदारी के 20 से अधिक मामलों में वांछित चल रहे जनपद मोंगा पंजाब के गैंगस्टर सुखप्रीत सिंह उर्फ बुद्धा को गिरफ्तार किया था।
अवैध शराब में हुई थी पहली गिरफ्तारी
पूछताछ में सुखप्रीत ने बताया था कि आशीष उसके गिरोह को हथियार सप्लाई करता था। इसके बाद जांच पड़ताल में सामने आया कि आशीष केएलएफ के मुखिया हरमीत सिंह उर्फ हैप्पी पीएचडी के मुख्य सहयोगी गुगनी ग्रेवाल को हथियार सप्लाई करता था। गिरफ्तार आशीष को एटीएस ने पंजाब पुलिस के हवाले कर दिया है। एसपी देहात एसके सिंह ने आशीष की गिरफ्तारी की पुष्टि की है।
आशीष 2009 में अपनी मौसी के लड़के बिट्टु के साथ 150 चीफ ब्रांड अंग्रेजी शराब की बोतल की पेटी के साथ थाना लाडलू जनपद मोहाली पंजाब में पकड़ा गया था। उसी के साथ वह आठ अप्रैल 2010 को 40 किलोग्राम डोडा के साथ पकड़ा गया। दोनों को 10-10 साल की सजा हुई। एक नवंबर, 2014 से वह जेल से जमानत पर है।
स्थानीय पुलिस के साथ थे दोस्ताना रिश्ते
आशीष ने एटीएस को पूछताछ में बताया कि पटियाला जेल में सजा काटने के दौरान उसकी मुलाकात गुगनी ग्रेवाल और हैप्पी से हुई थी। 2014 में जेल से बाहर आने के बाद उसने दो पिस्टल सुक्खा को पैसे लेकर दिलवाई। इसके बाद 2016 में चार पिस्टल गुगनी ग्रेवाल को बेचे। हैरत की बात यह है कि आशीष का गंगनहर कोतवाली में आना जाना भी था। सभी उसे पुलिसकर्मियों का अच्छा दोस्त समझते थे।
पाकिस्तान में रहकर साजिश रचता था हरमीत
पुलिस के अनुसार छेहरता अमृतसर निवासी हरमीत सिंह पीएचडी पिछले दो वर्ष से पाकिस्तान में रह रहा है। अगस्त, 2016 में पंजाब के आरएसएस उप प्रमुख ब्रिगेडियर रिटायर्ड जगदीश कुमार गगनेजा की हत्यार में एनआईए ने हरमीत को आरोपी बनाया था। हरमीत की बीती 27 जनवरी को डेरा चाहेल गुरुद्वारा लाहौर पाकिस्तान में हत्या कर दी गई है।