फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   akhara parishad mahan missing from train

फर्जी संतों की सूची जारी करने वाले महंत के साथ हुआ कुछ ऐसा कि अखाड़ा परिषद में मचा हड़कंप

Mon, 18 Sep 2017 03:54 PM IST
ब्यूरो / अमर उजाला, हरिद्वार
ब्यूरो / अमर उजाला, हरिद्वार Updated Mon, 18 Sep 2017 03:54 PM IST
विज्ञापन
akhara parishad mahan missing from train
महंत मोहनदास

अखाड़ा परिषद की ओर से हाल ही में फर्जी संतों की सूची जारी होने के बाद से महंत मोहनदास को धमकियां मिल रही थी। और अब उनके साथ जो घटना घटित हुई है उससे किसी अनहोनी की आशंका जताई जा रही है।

विज्ञापन


ऑपरेशन के लिए हरिद्वार से मुंबई जाते समय श्री पंचायती बड़ा अखाड़ा उदासीन कनखल के कोठारी तथा अखाड़ा परिषद के प्रवक्ता महंत मोहनदास संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गए।
विज्ञापन


अखाड़ा परिषद की ओर से हाल ही में फर्जी संतों की सूची जारी होने के बाद से महंत मोहनदास को धमकी मिलने की बात कहकर उनके अपहरण की आशंका जताई है। उधर, पुलिस सभी संभावनाओं को देखते हुए जांच करने की बात कह रही है। महंत की तलाश में एक टीम दिल्ली और दूसरी भोपाल भेजी गई है।

विज्ञापन
विज्ञापन

कोच में नहीं मिले महंत मोहनदास

akhara parishad mahan missing from train
ट्रेन से हरिद्वार से मुंबई के लिए सवार हुए थे मोहनदास - फोटो : अमर उजाला
कोठारी महंत मोहनदास शुक्रवार रात करीब दो बजे स्पेशल लोकमान्य तिलक एक्सप्रेस ट्रेन से हरिद्वार से मुंबई के लिए सवार हुए थे। उन्हें आश्रम का सेवक चतुरदास ट्रेन में बैठाकर आया था। महंत के लापता होने का पता तब चला जब भोपाल पहुंचने पर वहां का एक सेवादार महंत को भोजन देने के लिए ट्रेन में चढ़ा।

भोपाल में पहले से ही कोठारी महंत को भोजन उपलब्ध कराने की तैयारी भक्तों ने की थी, लेकिन शनिवार रात आठ बजे भोपाल पहुंची ट्रेन में कोठारी मंहत मोहनदास नहीं थे। सेकेंड एसी कोच में सीट नंबर 21 पर उनका रिजर्वेशन था, लेकिन वे ट्रेन में मिले ही नहीं।

उनके लापता होने जानकारी हरिद्वार श्री पंचायती अखाड़े में दी गई। कोठारी महंत के लापता होने की सूचना मिलते ही संत समाज में हड़कंप मच गया। उनका मोबाइल भी बंद आ रहा था।
 

फर्जी संतों की सूची जारी करने के बाद से मिल रही थी धमकी

akhara parishad mahan missing from train
akhara parishad
रात में ही मामले की सूचना पुलिस को दी गई। सुबह से संतों, नेताओं और शहर के अन्य लोगों का अखाड़े में तांता लगा रहा। हर कोई महंत मोहनदास के बारे में जानने को आतुर था।  

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष नरेंद्र गिरी ने एसएसपी कृष्ण कुमार वीके को बताया कि पिछले दिनों  परिषद की ओर से फर्जी संतों की सूची जारी करने के बाद से महंत मोहनदास को फोन पर धमकी दी जा रही थी। महंत मोहनदास अखाड़ा परिषद के प्रवक्ता भी हैं और अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष के काफी करीबी माने जाते हैं।

एसएसपी कृष्ण कुमार वीके ने बताया कि पुलिस सभी संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए काम कर रही है। जीआरपी और आरपीएफ को भी ट्रैक पर कांबिंग कराने को कहा गया है। दुर्घटना, वैराग्य और अनहोनी तीनों पहलुओं पर काम किया जा रहा है। महंत की तलाश में टीमों को दिल्ली और भोपाल मध्यप्रदेश भेजा गया है। 
 

हरिद्वार से अकेले गए थे मोहनदास 

akhara parishad mahan missing from train
एक संदिग्ध संत शक के दायरे में - फोटो : अमर उजाला
महंत मोहनदास इलाज कराने के लिए यहां से अकेले ही रवाना हुए थे जबकि इससे पहले मुंबई में उनके साथी महंत दामोदरदास पहले ही पहुंच चुके हैं। मोहन दास मुंबई में अपने पेट और यूरीन की तकलीफ के इलाज के लिए जा रहे थे।

सोमवार को उनका मुंबई अस्पताल में ऑपरेशन होना था। इससे पहले वे दो सितंबर को भी मुंबई गए थे, लेकिन भगवान चंद्राचार्य की जयंती के कारण और अखाड़ा वापस आ गए थे जिसके बाद तीन अक्तूबर में उनकी हरिद्वार वापसी तय थी।

एक संदिग्ध संत पुलिस के शक के दायरे में है। जिस कोच में कोठारी महंत बैठे थे। उसी कोच में उनकी पास की सीट में एक और  संत  बैठे थे। महंत के लापता होने के बाद संत का भी कुछ अता पता नहीं चल पाया है। महंत को छोड़ने गए सेवक चतुरदास ने बताया कोच में एक संत पहले से मौजूद थे। अब पुलिस संदिग्ध संत की तलाश में जुट गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed