{"_id":"5d0a9c8a8ebc3e4dbd77452e","slug":"15609765089-vikas-nagar-news145","type":"story","status":"publish","title_hn":"न अवैध कब्जा हटा न भारी वाहनों की आवाजाही पर लगी रोक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
न अवैध कब्जा हटा न भारी वाहनों की आवाजाही पर लगी रोक
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ब्यूरो/अमर उजाला, विकासनगर
विकासनगर। पछवादून में जिलाधिकारी एसए मुरुगेशन और उप जिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्र के निर्देश को संबंधित विभागों के अधिकारी ताक पर रखे हुए हैं। डीएम ने एक महीने पहले विकासखंड परिसर स्थित सरकारी भवन से अवैध कब्जा हटाने के निर्देश दिए थे। वहीं, एक अन्य मामले में एसडीएम ने जल विद्युत निगम के अधिकारियों को डाकपत्थर बैराज स्थित शक्तिनहर पुल से भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाने को कहा, लेकिन एक महीने बाद भी न सरकारी भवन से अवैध कब्जा हटा न ही शक्तिनहर पुल से भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लग पाई। पछवादून में विभिन्न विभागों के अधिकारी डीएम और एसडीएम के निर्देशों की किस तरह से अनदेखी कर रहे हैं इसके लिए यह दो उदाहरण काफी हैं।
--------------
केस नंबर एक
जिलाधिकारी एसए मुरुगेशन ने सात मई को एसडीएम विकासनगर को दिए निर्देश में कहा कि विकासखंड परिसर में सरकारी भवन पर एक व्यक्ति अवैध रूप से कब्जा किए हुए है। सरकारी भवन से कब्जा खाली कराने के लिए कई बार उसे नोटिस दिए जाने के बाद भी इसे खाली नहीं किया जा रहा है। क्षेत्र पंचायत की एक बैठक में भवन को खाली कराकर वहां एनआरएलएम (राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन) योजना के अंतर्गत पंजीकृत महिला स्वयं सहायता समूह के क्रियाकलाप संचालित करने का निर्णय लिया गया है। डीएम ने कहा कि अवैध कब्जे को जनहित में खाली कराने के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाए। हालांकि इस मामले में बीते दिनों एसडीएम ने आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक सरकारी भवन से कब्जा नहीं हट पाया है।
-----------------
केस नंबर दो
एसडीएम कौस्तुभ मिश्र ने उत्तराखंड जल विद्युत निगम के अधिकारियों को डाकपत्थर बैराज स्थित शक्तिनहर पुल से भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाने के निर्देश दिए थे। करीब दो महीने पहले दिए गए निर्देश में एसडीएम ने कहा कि इसके लिए पुल के दोनों ओर लोहे के बैरियर लगाए जाएं ताकि पुल से भारी वाहनों की आवाजाही को रोका जा सके। लेकिन, न तो पुल के दोनों ओर बैरियर ही लगे और न ही अब तक पुल से भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लग पाई है। इस मामले में इतना जरूर हुआ कि जल विद्युत निगम की ओर से शक्तिनहर पुल के पास एक बैरियर लगाया गया। लेकिन, बैरियर लगने के दो से तीन घंटे के भीतर खनन माफियाओं ने उसे तोड़ दिया।
विज्ञापन
----------
बयान
सरकारी भवन से जल्द कब्जा हटाया जाएगा। इसके लिए तिथि निर्धारित कर दी गई है। एसएचओ और नायब तहसीलदार को मामले में आवश्यक कार्रवाई के लिए कहा गया है। वहीं, डाकपत्थर शक्तिनहर पुल से भी भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक के लिए संबंधित विभाग को निर्देश दिए थे, कार्रवाई संबंधित विभाग को करनी है।
- कौस्तुभ मिश्र, एसडीएम, विकासनगर
विज्ञापन
विकासनगर। पछवादून में जिलाधिकारी एसए मुरुगेशन और उप जिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्र के निर्देश को संबंधित विभागों के अधिकारी ताक पर रखे हुए हैं। डीएम ने एक महीने पहले विकासखंड परिसर स्थित सरकारी भवन से अवैध कब्जा हटाने के निर्देश दिए थे। वहीं, एक अन्य मामले में एसडीएम ने जल विद्युत निगम के अधिकारियों को डाकपत्थर बैराज स्थित शक्तिनहर पुल से भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाने को कहा, लेकिन एक महीने बाद भी न सरकारी भवन से अवैध कब्जा हटा न ही शक्तिनहर पुल से भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लग पाई। पछवादून में विभिन्न विभागों के अधिकारी डीएम और एसडीएम के निर्देशों की किस तरह से अनदेखी कर रहे हैं इसके लिए यह दो उदाहरण काफी हैं।
--------------
केस नंबर एक
जिलाधिकारी एसए मुरुगेशन ने सात मई को एसडीएम विकासनगर को दिए निर्देश में कहा कि विकासखंड परिसर में सरकारी भवन पर एक व्यक्ति अवैध रूप से कब्जा किए हुए है। सरकारी भवन से कब्जा खाली कराने के लिए कई बार उसे नोटिस दिए जाने के बाद भी इसे खाली नहीं किया जा रहा है। क्षेत्र पंचायत की एक बैठक में भवन को खाली कराकर वहां एनआरएलएम (राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन) योजना के अंतर्गत पंजीकृत महिला स्वयं सहायता समूह के क्रियाकलाप संचालित करने का निर्णय लिया गया है। डीएम ने कहा कि अवैध कब्जे को जनहित में खाली कराने के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाए। हालांकि इस मामले में बीते दिनों एसडीएम ने आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक सरकारी भवन से कब्जा नहीं हट पाया है।
विज्ञापन
-----------------
केस नंबर दो
एसडीएम कौस्तुभ मिश्र ने उत्तराखंड जल विद्युत निगम के अधिकारियों को डाकपत्थर बैराज स्थित शक्तिनहर पुल से भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाने के निर्देश दिए थे। करीब दो महीने पहले दिए गए निर्देश में एसडीएम ने कहा कि इसके लिए पुल के दोनों ओर लोहे के बैरियर लगाए जाएं ताकि पुल से भारी वाहनों की आवाजाही को रोका जा सके। लेकिन, न तो पुल के दोनों ओर बैरियर ही लगे और न ही अब तक पुल से भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लग पाई है। इस मामले में इतना जरूर हुआ कि जल विद्युत निगम की ओर से शक्तिनहर पुल के पास एक बैरियर लगाया गया। लेकिन, बैरियर लगने के दो से तीन घंटे के भीतर खनन माफियाओं ने उसे तोड़ दिया।
विज्ञापन
----------
बयान
सरकारी भवन से जल्द कब्जा हटाया जाएगा। इसके लिए तिथि निर्धारित कर दी गई है। एसएचओ और नायब तहसीलदार को मामले में आवश्यक कार्रवाई के लिए कहा गया है। वहीं, डाकपत्थर शक्तिनहर पुल से भी भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक के लिए संबंधित विभाग को निर्देश दिए थे, कार्रवाई संबंधित विभाग को करनी है।
- कौस्तुभ मिश्र, एसडीएम, विकासनगर