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भोजन माताएं कल से नहीं करेंगी काम
Updated Mon, 05 Feb 2018 10:40 PM IST
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थराली।
उत्तराखंड भोजन माता कामगार यूनियन की बैठक में भोजन माताओं ने सात फरवरी (कल) से जिलास्तर पर सामूहिक हड़ताल करने का ऐलान किया है। भोजन माताओं का कहना है कि वर्ष 2002 से अविरल रूप से सेवाएं दे रही हैं। लेकिन 16 साल की सेवा देने के बावजूद अब भोजन माताओं को सेवा से वंचित किया जा रहा है। जिससे उनके सामने रोजी-रोटी की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गयी है। केवल दो हजार रुपये में ही भोजन माताएं पूर्ण निष्ठा के अपना कार्य निभा रही हैं, इसके बावजूद पिछले कई महीनों से भोजन माताओं को वेतन नहीं दिया गया है। सरकार द्वारा दीपावली बोनस की स्वीकृति के बावजूद अभी तक उनको बोनस नहीं मिला है। भोजन माताओं ने स्थायी नियुक्ति और नियमित मानदेय दिये जाने की मांग भी की है। इस कारण सात फरवरी से सभी भोजन माताओं ने सामूहिक हड़ताल करने का निर्णय लिया है। बैठक में कमला देवी, प्रेमा देवी, शान्ति देवी, पारवती देवी, विमला देवी , गोबिन्दी देवी, मुन्नी देवी, यशोदा देवी राधा देसी हेमा देवी गंगा देवी आदि मौजूद थे।
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उत्तराखंड भोजन माता कामगार यूनियन की बैठक में भोजन माताओं ने सात फरवरी (कल) से जिलास्तर पर सामूहिक हड़ताल करने का ऐलान किया है। भोजन माताओं का कहना है कि वर्ष 2002 से अविरल रूप से सेवाएं दे रही हैं। लेकिन 16 साल की सेवा देने के बावजूद अब भोजन माताओं को सेवा से वंचित किया जा रहा है। जिससे उनके सामने रोजी-रोटी की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गयी है। केवल दो हजार रुपये में ही भोजन माताएं पूर्ण निष्ठा के अपना कार्य निभा रही हैं, इसके बावजूद पिछले कई महीनों से भोजन माताओं को वेतन नहीं दिया गया है। सरकार द्वारा दीपावली बोनस की स्वीकृति के बावजूद अभी तक उनको बोनस नहीं मिला है। भोजन माताओं ने स्थायी नियुक्ति और नियमित मानदेय दिये जाने की मांग भी की है। इस कारण सात फरवरी से सभी भोजन माताओं ने सामूहिक हड़ताल करने का निर्णय लिया है। बैठक में कमला देवी, प्रेमा देवी, शान्ति देवी, पारवती देवी, विमला देवी , गोबिन्दी देवी, मुन्नी देवी, यशोदा देवी राधा देसी हेमा देवी गंगा देवी आदि मौजूद थे।