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दिव्यांग को बनाया हमसफर, चेहरे पर दिखा गर्व का अहसास
Updated Sat, 05 Aug 2017 10:48 PM IST
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हरिद्वार।
आमतौर पर रूपहले पर्दे पर ही इश्क की ऐसी दास्तां देखने को मिलती है जैसी शुक्रवार को ज्वालापुर में देखने को मिली। दिव्यांग प्रेमी का हाथ जीवन भर के लिए थाम कर कोतवाली ज्वालापुर पहुंचकर लापता युवती ने पुलिस के समक्ष कबूला कि वे पति- पत्नी हैं। परिवार ने कोतवाली पहुंचकर हंगामा काटा। बावजूद इसके युवती टस से मस नहीं हुई। आखिर में मायके पक्ष ने उससे रिश्ता तोड़ देने की बात कहकर कोतवाली से विदाई दी। पति के संग युवती हंसी खुशी अपनी ससुराल के लिए रवाना हुई। कोतवाली से चंद कदम की दूरी पर वाल्मीकि बस्ती से एक युवती पिछले सप्ताह से लापता थी।
शुक्रवार सुबह अचानक ही युवती एक युवक के साथ कोतवाली आ धमकी। नवविवाहिता के रूप में पहुंची युवती ने पुलिस के समक्ष अपने साथ आए युवक का परिचय अपने पति के तौर पर दिया। इधर, यह जानकारी मिलने पर युवती के परिजन, रिश्तेदार एवं क्षेत्रवासी पहुंच गए। उन्होंने थाने में हंगामा खड़ा कर दिया। युवती को भी विश्वास में लेना चाहा, लेकिन युवती ने उनकी एक नहीं सुनीं। वह पोलियो जैसी गंभीर बीमारी से ग्रस्त पति का हाथ थामकर खड़ी रही।
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इधर, पति के पिता पेशे से होमगार्ड और उनके रिश्तेदारों को युवती पक्ष ने भला बुरा कहा, लेकिन वे उनकी बात को अनसुना कर दिए। लक्सर के गांव हरचंदपुर के पेशे से टेलर दिव्यांग पति ने बताया कि वह रेलवे फाटक के पास एक बुटीक पर कार्यरत है। करीब दो साल पहले उसके प्रेम प्रसंग की शुरुआत हुई थी। मई माह में उन्होंने कोर्ट मैरिज कर दी। एक सप्ताह पहले उसकी पत्नी उसके साथ लक्सर रहने चली आई। ठीक से चल फिर पाने में असमर्थ पति की मानें तो शादी का ख्वाब दूर- दूर तक पूरा होने की बात दिमाग में नहीं थी। वह खुशनसीब है उसे ऐसी पत्नी मिली। बकौल पति भले ही पत्नी पढी लिखी नहीं है, लेकिन उन दोनों में बेहतर तालमेल है।
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