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ग्राम प्रधान की गिरफ्तारी पर अड़े गांव वाले
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 10 Aug 2016 12:43 AM IST
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महंत ने दी आंदोलन की चेतावनी सोनौली। पुरंदरपुर थाना क्षेत्र के सिद्ध पीठ बेलवा मठ पर ग्राम प्रधान दूधनाथ के नेतृत्व में दो दर्जन युवक लाठी डंडा लेकर मठ में घुस गए थे और मठ में तोड़-फोड़ व लूट पाट की थी। साधु गौरीशंकर दास को बुरी तरह मार पीट कर घायल कर दिया था। पुलिस साधु गौरीशंकर दास को ही पकड़कर थाने ले आई और मुकदमा दर्ज जेल भेज दिया। पत्रकार वार्ता में सोनौली के महंत सुरेश मणि उर्फ सुरेश दास ने पुलिस की कार्रवाई की निंदा की। उन्होंने कहा कि प्रशासन जांच कर दोषी लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं किया तो साधु-संत जिला मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन को बाध्य होंगे।
- फोटो : अमर उजाला
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नौतनवा। बेलवा मठ के उत्तराधिकारी गौरीशंकर दास को मारने पीटने तथा मठ में लूटपाट के आरोपी ग्राम प्रधान और उनके समर्थकों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर बेलवा खुर्द, संपतिहा एवं छतरापार के लोगों का तहसील परिसर में धरना दूसरे दिन भी जारी रहा।
ग्रामीणों का आरोप है कि पुरंदरपुर क्षेत्र के बलवा खुर्द मठ के महंत उमाशंकर दास तथा उत्तराधिकारी गौरीशंकर दास हैं। मठ की भूमि के विवाद को लेकर कई वर्षों से न्यायालय में मुकदमा चल रहा है। छह जुलाई को ग्राम प्रधान अपने समर्थकों के साथ मठ पर पहुंच गए।
साधु-संतों पर विवाद कराने का आरोप लगाकर मंदिर व घर में जमकर तोड़फोड़ की और गौरीशंकर दास को लाठी डंडों से बुरी तरह मारपीट कर मंदिर व घर में रखा सारा सामान उठा ले गए। घटना के बाद साधु संतों की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया। बल्कि उल्टे प्रधान के दबाव में घायल गौरीशंकर दास को थाने ले गई और उनके विरुद्ध फर्जी केस दर्जकर जेल भेज दिया।
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ग्रामीणों की मांग है कि जब तक ग्राम प्रधान सहित उनके समर्थकों की गिरफ्तारी नहीं की जाती, वे बैठे रहेंगे। धरने पर महंत गौरीशंकर दास, रमाशंकर त्रिपाठी, प्रवेश शुक्ल, जगन्नाथ पासवान, कृष्णानंद द्विवेदी, गोमल पासवान, प्रभावती देवी, सावित्री गुप्ता आदि मौजूद रहे।
महंत ने दी आंदोलन की चेतावनी
सोनौली। पुरंदरपुर थाना क्षेत्र के सिद्ध पीठ बेलवा मठ पर ग्राम प्रधान दूधनाथ के नेतृत्व में दो दर्जन युवक लाठी डंडा लेकर मठ में घुस गए थे और मठ में तोड़-फोड़ व लूट पाट की थी। साधु गौरीशंकर दास को बुरी तरह मार पीट कर घायल कर दिया था। पुलिस साधु गौरीशंकर दास को ही पकड़कर थाने ले आई और मुकदमा दर्ज जेल भेज दिया। पत्रकार वार्ता में सोनौली के महंत सुरेश मणि उर्फ सुरेश दास ने पुलिस की कार्रवाई की निंदा की। उन्होंने कहा कि प्रशासन जांच कर दोषी लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं किया तो साधु-संत जिला मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन को बाध्य होंगे।
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ग्रामीणों का आरोप है कि पुरंदरपुर क्षेत्र के बलवा खुर्द मठ के महंत उमाशंकर दास तथा उत्तराधिकारी गौरीशंकर दास हैं। मठ की भूमि के विवाद को लेकर कई वर्षों से न्यायालय में मुकदमा चल रहा है। छह जुलाई को ग्राम प्रधान अपने समर्थकों के साथ मठ पर पहुंच गए।
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साधु-संतों पर विवाद कराने का आरोप लगाकर मंदिर व घर में जमकर तोड़फोड़ की और गौरीशंकर दास को लाठी डंडों से बुरी तरह मारपीट कर मंदिर व घर में रखा सारा सामान उठा ले गए। घटना के बाद साधु संतों की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया। बल्कि उल्टे प्रधान के दबाव में घायल गौरीशंकर दास को थाने ले गई और उनके विरुद्ध फर्जी केस दर्जकर जेल भेज दिया।
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ग्रामीणों की मांग है कि जब तक ग्राम प्रधान सहित उनके समर्थकों की गिरफ्तारी नहीं की जाती, वे बैठे रहेंगे। धरने पर महंत गौरीशंकर दास, रमाशंकर त्रिपाठी, प्रवेश शुक्ल, जगन्नाथ पासवान, कृष्णानंद द्विवेदी, गोमल पासवान, प्रभावती देवी, सावित्री गुप्ता आदि मौजूद रहे।
महंत ने दी आंदोलन की चेतावनी
सोनौली। पुरंदरपुर थाना क्षेत्र के सिद्ध पीठ बेलवा मठ पर ग्राम प्रधान दूधनाथ के नेतृत्व में दो दर्जन युवक लाठी डंडा लेकर मठ में घुस गए थे और मठ में तोड़-फोड़ व लूट पाट की थी। साधु गौरीशंकर दास को बुरी तरह मार पीट कर घायल कर दिया था। पुलिस साधु गौरीशंकर दास को ही पकड़कर थाने ले आई और मुकदमा दर्ज जेल भेज दिया। पत्रकार वार्ता में सोनौली के महंत सुरेश मणि उर्फ सुरेश दास ने पुलिस की कार्रवाई की निंदा की। उन्होंने कहा कि प्रशासन जांच कर दोषी लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं किया तो साधु-संत जिला मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन को बाध्य होंगे।