खुलासा: गांगुली को टीम से बाहर करने पर अड़े थे चैपल
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दस साल पहले टीम इंडिया के तत्कालीन कप्तान सौरव गांगुली और कोच ग्रेग चैपल के बीच बहुचर्चित विवाद फिर सुर्खियों में है। इस मामले में एक नया खुलासा हुआ है।
बीसीसीआई में उस वक्त के संयुक्त सचिव अमिताभ चौधरी ने खुलासा किया है कि चैपल जिम्बाब्वे दौरे के लिए गांगुली को टीम से बाहर करना चाहते थे। यह बात उन्होंने एक पत्रकारवार्ता के दौरान कही।
चौधरी ने बताया कि, "2005 में जिम्बाब्वे के खिलाफ मैच से ठीक दो दिन पहले का वक्त था। टीम इंडिया नेट प्रैक्टिस में व्यस्त थी और मैं ड्रेसिंग रुम में बैठा टीम को देख रहा था। अचानक कप्तान गांगुली आए और किट जमीन पर पटककर कुर्सी पर जोर से बैठ गए। मैंने उनसे पूछा क्या बात हुई।" गांगुली ने कहा...
गांगुली ने कहा, कोच पागल हो गया है
बीसीसीआई के पूर्व संयुक्त सचिव अमिताभ चौधरी ने आगे कहा कि जब उन्होंने गुस्से में सौरव गांगुली को देखा तो पूछा क्या बात हो गई। इस पर गांगुली ने हाथ से मैदान की ओर ग्रेग चैपल की तरफ इशारा किया और कहा ये आदमी पागल हो गया है।
कारण पूछे जाने पर गांगुली ने कहा कि उनकी उपकप्तान राहुल द्रविड़ से बात हुई है, चैपल उन्हें (सौरव गांगुली) टीम से बाहर निकालने की बात कर रहे है। सकते में आए चौधरी ने तुरंत चैपल से मुलाकात की और उन्हें बताया कि ऐसा नहीं हो सकता।
चैपल अपनी बात पर अड़े थे कि गांगुली को टीम से बाहर निकाला जाना चाहिए। इस पर चौधरी ने उन्हें बताया कि आपको (ग्रेग चैपल) टीम के कप्तान को बाहर निकालने का अधिकार नहीं है।
हालांकि जिम्बाब्वे के खिलाफ 2-0 से सीरीज जीतने के बाद गांगुली की जगह टीम की कमान राहुल द्रविड़ को सौंप दी गई। इसके बाद चैपल भी विवादों के बाद कोच पद से हटा दिए गए।