{"_id":"60bba0978ebc3e396a2bb9d7","slug":"banned-for-5-years-shahadat-hossain-returns-to-competitive-cricket-after-18-months","type":"story","status":"publish","title_hn":"पांच साल का बैन 18 महीने में खत्म: शहादत हुसैन की मैदान पर वापसी, साथी खिलाड़ी को मारा था थप्पड़","category":{"title":"Cricket News","title_hn":"क्रिकेट न्यूज़","slug":"cricket-news"}}
पांच साल का बैन 18 महीने में खत्म: शहादत हुसैन की मैदान पर वापसी, साथी खिलाड़ी को मारा था थप्पड़
Sat, 05 Jun 2021 09:34 PM IST
मुकेश कुमार झा
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, ढाका
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, ढाका
Published by: मुकेश कुमार झा
Updated Sat, 05 Jun 2021 09:34 PM IST
विज्ञापन
शहादत हुसैन
- फोटो : सोशल मीडिया
बांग्लादेश के तेज गेंदबाज शहादत हुसैन की 18 महीने बाद प्रतिस्पर्धी क्रिकेट में वापसी हुई है। अब वह ढाका प्रीमियर डिवीजन के मैच में खेलते नजर आएंगे। बता दें कि हुसैन ने साल 2019 में एक फर्स्ट क्लास मैच के दौरान मारपीट की थी, जिसके बाद उन पर पांच साल का बैन लगा था। हालांकि, उनके प्रतिबंध के कम करने को लेकर बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (बीसीबी) की तरफ से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। बता दें कि शहादत बांग्लादेश के लिए 38 टेस्ट और 51 एकदिवसीय मैच खेले हैं।
विज्ञापन
हुसैन ने मांगी थी माफी
हुसैन ने मार्च के महीने में अपने दुर्व्यवहार के लिए माफी मांगी थी और कहा था कि वह अपनी मां के इलाज के लिए कुछ फंड लेने के लिए क्रिकेट में वापसी करना चाहते हैं। हुसैन ने कहा था, 'मुझे अपने कार्यों पर खेद है। मैं गलत था और मैं इसे फिर से नहीं करने की कोशिश करूंगा। मुझे अपने पूरे करियर के लिए कोई समस्या नहीं होगी। मेरी मां कैंसर की मरीज हैं। मैं अपनी मां के इलाज में मदद करने के लिए क्रिकेट में वापसी करना चाहता हूं।'
विज्ञापन
हुसैन ने बीसीबी से प्रतिबंध कम करने का किया था अनुरोध
इसके पहले फरवरी में इस तेज गेंदबाज ने बीसीबी से अनुरोध किया था कि वह उनके प्रतिबंध को कम करने पर विचार करे क्योंकि उसकी मां कैंसर से जूझ रही है और उसे उसके इलाज के लिए पैसे की आवश्यकता है। बीसीबी क्रिकेट संचालन के अध्यक्ष अकरम खान ने कहा था कि वे इस मामले को देखेंगे।
विज्ञापन
बीते कुछ महीने पहले अकरम खान ने कहा था, 'वह अपने परिवार में बहुत सारी समस्याओं का सामना कर रहे हैं। उनकी मां को कैंसर है। वह अब क्रिकेट नहीं खेल रहे, इसलिए जब उन्होंने मुझे बुलाया, तो मैंने कुछ निदेशकों से बात की। हमने बीसीबी की अनुशासन समिति से अनुरोध किया है। हम उनसे सकारात्मक परिणाम प्राप्त करने के लिए आशान्वित हैं। मैंने बोर्ड अध्यक्ष को भी सूचित किया है, जो उनके बारे में भी सकारात्मक हैं। इंशा अल्लाह, हमें उम्मीद है कि वह एनसीएल में खेल सकते हैं।'