कर्मचारियों के PF का पैसा न देना नामी कंपनियों को पड़ा भारी, EPFO ने लगाया 2.37 करोड़ का जुर्माना
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कर्मचारियों का पीएफ समय से नहीं देने पर ईपीएफओ के क्षेत्रीय आयुक्त कार्यालय ने सरकारी और गैर सरकारी आठ कंपनियों पर 2.37 करोड़ का जुर्माना ठोका है। सभी को नोटिस जारी किए गए हैं।
क्षेत्रीय कार्यालय के अनुसार इन कंपनियों के संचालकों को पीएफ जमा करने के लिए बार-बार नोटिस दिए गए लेकिन उन्होंने नोटिस के बाद भी समय से पीएफ जमा नहीं किया। इसके बाद इन कंपनियों पर जुर्माना लगाया गया। पीएफ की रकम पर न्यूनतम पांच, अधिकतम 25 फीसदी जुर्माना और 12 फीसदी सालाना की दर से ब्याज लगाया जाता है।
फिलहाल कंपनियों से जुर्माना वसूलने की कार्यवाही शुरू कर दी गई है। सभी कंपनियों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। यदि ईपीएफओ जवाब से संतुष्ट होता है तो जुर्माने में रियायत मिल सकती है।
किस पर कितना जुर्माना
किस पर कितना जुर्माना
संस्था के नाम जुर्माना (रुपये में)
किसान सहकारी चीनी मिल लिमिटेड काशीपुर 1,24,66,944
उत्तरांचल चाय विकास बोर्ड अल्मोड़ा 11,73,679
कन्हैया लाल एसोसिएट्स अल्मोड़ा 26,71,554
एके इंटरप्राइजेज रुद्रपुर 19,73,287
सुमन इंजीनियरिंग रुद्रपुर 11,37,892
ऑटो टेक इंजीनियर्स रुद्रपुर 10,66,081
क्वालिफाइड सिक्योरिटी एंड प्लेसमेंट सर्विस रुद्रपुर 18,02,436
किच्छा शुगर कंपनी लिमिटेड किच्छा 14,58,474
(नोट :- आंकड़े ईपीएफओ क्षेत्रीय आयुक्त कार्यालय से लिए गए हैं)
पीएफ देरी से जमा करने पर कई कंपनियों पर जुर्माना लगाया गया है। उन्हें नोटिस जारी किए गए हैं। नोटिस का जवाब मिलने के बाद आगे की कार्यवाही की जाएगी।
-आशीष कुमार, क्षेत्रीय आयुक्त कुमाऊं, ईपीएफओ