फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   City & states ›   196 crores recovered from Piyush Jain and gold will be deposited in the government treasury

कानपुर : पीयूष जैन से मिले 196 करोड़ और सोना सरकारी खजाने में होगा जमा 

Fri, 04 Feb 2022 05:21 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, कानपुर
अमर उजाला नेटवर्क, कानपुर Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Fri, 04 Feb 2022 05:21 AM IST
सार

इत्र कारोबारी के यहां छापे में मिली नगदी और सोना काले धन की श्रेणी में। 107 फीसदी टैक्स और जुर्माना लगना तय, 16 करोड़ और देने होंगे पीयूष को।

विज्ञापन
196 crores recovered from Piyush Jain and gold will be deposited in the government treasury
पीयूष जैन - फोटो : amar ujala

विस्तार

इत्र कारोबारी पीयूष जैन के यहां मिली करोड़ों रुपये की नकदी के मामले में डीजीजीआई के साथ ही जल्द आयकर विभाग भी पीयूष से पूछताछ कर सकता है। हालांकि पीयूष के पास से बरामद 196.45 करोड़ नकद और 22 किलो सोना काले धन की श्रेणी में आएगा। ऐसे में उस पर 107 फीसदी टैक्स व जुर्माना लगेगा। सोने की कीमत भी 12 करोड़ के करीब है। ऐसे में करीब 208 करोड़ तो सरकारी खजाने में चले जाएंगे। 14-16 करोड़ रुपये उसे अलग से देने होंगे।

विज्ञापन


डीजीजीआई अहमदाबाद ने 22 दिसंबर को शिखर पान मसाला, गणपति रोड कैरियर्स और पीयूष जैन के यहां एक साथ छापा मारा था। इसमें पीयूष के आनंदपुरी स्थित आवास से 177.45 करोड़ और कन्नौज स्थित आवास से 19 करोड़ समेत 196.45 करोड़ नगद मिला था। इसके अलावा 22 किलो सोने की सिल्ली मिली थी। इसमें 12 किलो विदेशी सोना था। इसकी जांच अलग से डीआरआई कर रही है। डीजीजीआई इस मामले में अभी भी जांच कर रही है। 
विज्ञापन


वहीं जेल में बंद पीयूष काली कमाई बचाने के लिए कई जुगत भिड़ा रहा है। डीजीजीआई की जांच व पूछताछ में उसने स्वीकारा था कि उसके पास से बरामद रकम जीएसटी चोरी की है। इसलिए टैक्स और जुर्माना सहित 52 करोड़ रुपये काट कर शेष राशि लौटा दी जाए। वहीं आयकर विभाग के सूत्रों को कहना है औपचारिक जांच अभी शुरू नहीं की गई है लेकिन केस फाइल साझा होने के बाद सबसे पहले पीयूष की पूरी रकम सरकारी खजाने में चली जाएगी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


15-18 लाख ही दिखाई थी सालाना कमाई
सूत्रों के मुताबिक जांच के दौरान पीयूष जैन, उसकी पत्नी, और पिता के पांच साल तक के आयकर रिटर्न की जानकारी जुटाई गई थी। इसमें 15-18 लाख की कमाई दिखाई गई थी। जबकि उसके घर से करोड़ों रुपये नकद मिले हैं। जानकारों का कहना है कि  कालेधन पर टैक्स और पेनल्टी की कई श्रेणियां हैं। यदि कैश के साथ दस्तावेज और बयान हैं तो 67 फीसदी टैक्स लगता है। जबकि कैश और दस्तावेज हैं, लेकिन बयान नहीं है तो 87 फीसदी टैक्स संबंधित पर लगता है। 


कैश मिला है लेकिन साथ में न तो बयान हैं, न ही दस्तावेज हैं तो 107 फीसदी टैक्स का प्रावधान हैं। पीयूष के मामले में कैश मिला है लेकिन न तो कोई दस्तावेज हैं, न ही वह बयान देने को राजी है। उस पर 107 फीसदी टैक्स लगेगा और पेनल्टी भी लगेगी। ऐसे में उसका सारा कैश और सोना सरकारी खजाने में जमा होगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed