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CG: डीईओ की मनमानी से आत्मानंद स्कूल के शिक्षकों का वेतन रुका, उच्च अधिकारियों से वेतन भुगतान की लगाई गुहार
Sun, 22 Jun 2025 01:08 PM IST
श्याम जी.
अमर उजाला नेटवर्क, सूरजपुर
अमर उजाला नेटवर्क, सूरजपुर
Published by: श्याम जी.
Updated Sun, 22 Jun 2025 01:08 PM IST
सार
सूरजपुर जिले के विश्रामपुर के आत्मानंद स्कूल के 21 शिक्षकों का दो माह का वेतन लंबित है। जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) के दोहरे रवैये और अशिष्ट व्यवहार से शिक्षक परेशान हैं। शिक्षकों ने उच्च अधिकारियों से मदद की गुहार लगाई है।
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शिक्षक
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
सूरजपुर जिले के विश्रामपुर स्थित स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय में प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत 21 शिक्षकों का दो माह से वेतन रुका हुआ है। शिक्षकों का आरोप है कि जिला शिक्षा अधिकारी भारती वर्मा के दोहरे रवैये के कारण यह समस्या बनी हुई है। पहले यह स्कूल शासकीय आदर्श बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के नाम से था, जिसे 2020 में कांग्रेस सरकार ने आत्मानंद स्कूल में बदला।
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स्कूल के कुछ शिक्षकों ने प्रतिनियुक्ति स्वीकार की, जबकि कुछ ने नहीं। प्रतिनियुक्ति न स्वीकार करने वाले शिक्षकों को ट्रेजरी से नियमित वेतन मिल रहा है, लेकिन प्रतिनियुक्ति वाले शिक्षकों का वेतन आत्मानंद समिति के आवंटन से दिया जाता है। इससे जीपीएफ कटौती और पार्ट फाइनल जैसी समस्याएं हो रही हैं।
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शिक्षकों ने जिला शिक्षा अधिकारी से डीडीओ के माध्यम से वेतन भुगतान की मांग की। 23 मई 2025 को भारती वर्मा ने लोक शिक्षण संचनालय के हवाले से आदेश जारी किया, लेकिन जिला कोषालय ने बिना शासन के आदेश के वेतन देने से इनकार कर दिया। 17 जून को शिक्षकों ने वेतन की मांग की तो केवल दो लोगों को मिलने दिया गया और उनके साथ कथित तौर पर अशिष्ट व्यवहार किया गया। अधिकारी ने चेक पर हस्ताक्षर करने से इनकार करते हुए धमकी दी कि 'जहां से निकलवाना है, निकलवाओ।'
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वेतन न मिलने से शिक्षकों के सामने जीवनयापन की समस्या खड़ी हो गई है। वे बच्चों की फीस और ड्रेस खरीदने में असमर्थ हैं। शिक्षकों ने उच्च अधिकारियों से जल्द वेतन दिलाने की गुहार लगाई है।