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धर्म संसद: धर्मगुरु कालीचरण ने महात्मा गांधी के बारे में कहे अपमानजनक शब्द, गोडसे की सराहना की
Mon, 27 Dec 2021 01:42 AM IST
Jeet Kumar
पीटीआई, रायपुर
पीटीआई, रायपुर
Published by: Jeet Kumar
Updated Mon, 27 Dec 2021 01:42 AM IST
सार
छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में कालीचरण महाराज ने कहा कि पुलिस हमें बताती है कि मुस्लिम इलाकों से भगवा जुलूस न निकालें। यह पुलिस की गलती नहीं है। पुलिस प्रशासन की गुलाम है जो सरकार की गुलाम है। सरकार नेता की गुलाम है।
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कालीचरन महाराज
- फोटो : facebook
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विस्तार
भारत में अलग-अलग राज्यों में हिंदू 'धर्म संसद' का आयोजन किया जा रहा है और वहां से आए दिन विवादित बयान सामने आ रहे हैं। वहीं छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में एक संगठन द्वारा आयोजित धर्म संसद में धर्मगुरु कालीचरण महाराज ने महात्मा गांधी के बारे में अपमानजनक शब्द कहे और नाथूराम गोडसे को बापू की हत्या के लिए सही ठहराया।
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कांग्रेस नेताओं की भी आलोचना की
कालीचरण महाराज ने कहा कि लोगों को धर्म की रक्षा के लिए एक कट्टर हिंदू नेता को सरकार का मुखिया चुनना चाहिए। उन्होंने छत्तीसगढ़ सरकार में कांग्रेस के नेताओं की भी आलोचना की। उनके द्वारा कही गई बातें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं।
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महिलाएं के बारे में भी कह डाली ये बात
हिंदू धर्म संसद का आयोजन रायपुर के रावण भाटा मैदान में आयोजित किया गया था। इस दौरान कालीचरण महाराज ने कहा कि हमारा मुख्य कर्तव्य क्या है- धर्म की रक्षा करना। हमें सरकार में एक कट्टर हिंदू राजा (नेता) का चुनाव करना चाहिए, भले ही कोई भी हो।
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इसके आगे बोलते हुए कहा कि "हमारे घरों की महिलाएं बहुत अच्छी और सभ्य हैं और वे मतदान के लिए नहीं जाती हैं। जब सामूहिक दुष्कर्म होंगे तो आपके घर की महिलाओं का क्या होगा। महामूर्खों... मैं उन लोगों को बुला रहा हूं जो वोट देने के लिए बाहर नहीं जाते हैं।"
कालीचरण ने कहा नाथूराम गोडसे को सलाम करता हूं
आगे उन्होंने कहा कि इस्लाम का लक्ष्य राजनीति के माध्यम से राष्ट्र पर कब्जा करना है। हमारी आंखों के सामने उन्होंने 1947 में कब्जा कर लिया था। उन्होंने पहले ईरान, इराक और अफगानिस्तान पर कब्जा कर लिया था। उन्होंने राजनीति के माध्यम से बांग्लादेश और पाकिस्तान पर कब्जा कर लिया था। मैं नाथूराम गोडसे को सलाम करता हूं कि उन्होंने गांधी की हत्या कर दी... इसके बाद लोगों ने तालियां भी बजाईं।
पुलिस प्रशासन की गुलाम
कालीचरण महाराज ने कहा कि पुलिस हमें बताती है कि मुस्लिम बहुल इलाकों से भगवा जुलूस न निकालें। यह पुलिस की गलती नहीं है। पुलिस प्रशासन की गुलाम है जो सरकार की गुलाम है। सरकार नेता की गुलाम है। इसलिए, जब तक कोई कट्टर हिंदू नेता मुख्यमंत्री नहीं होगा तब तक पुलिस समर्थन नहीं करेगी।
अपने रास्ते से भटक गया है आयोजन, गांधी को गाली देना गलत
हालांकि इस बीच दूधाधारी मठ के महंत संत रामसुन्दर दास जी ने मंच पर महात्मा गांधी जी को अपमानजनक शब्द कहने की आलोचना कर खुद को मंच से अलग कर लिया। छत्तीसगढ़ गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष महंत रामसुंदर दास ने कहा कि देश की आजादी के लिए अपना सब कुछ कुर्बान करने वाले राष्ट्रपिता के खिलाफ इस तरह के अपशब्दों का इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए।
उन्होंने मंच पर कहा कि जिस उद्देश्य के साथ यह आयोजन किया गया था, वह अपने रास्ते से भटक गया है। आजादी के लिए अपना सब कुछ बलिदान करने वाले महात्मा गांधी को देशद्रोही बताया जा रहा है। मैं आयोजक से पूछना चाहता था कि उन्होंने इस पर आपत्ति क्यों नहीं उठाई। राष्ट्रपिता के लिए गलत शब्दों का इस्तेमाल किया जा रहा था।
कालीचरण पहले यह साबित करें कि वह संत हैं
इसके बाद आयोजक नीलकंठ त्रिपाठी से कालीचरण की टिप्पणी के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि वह बयान से पूरी तरह असहमत हैं। प्रदेश कांग्रेस संचार शाखा के प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कालीचरण को पहले यह साबित करना चाहिए कि वह संत है।
दिग्विजय सिंह ने कहा फर्जी बाबाओं को भड़काऊ भाषण देने के लिए दिया जाता है मंच
कालीचरण महाराज द्वारा महात्मा गांधी के खिलाफ अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किए जाने के बाद कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने कहा कि जिस तरह से फर्जी बाबाओं को भड़काऊ भाषण देने के लिए मंच दिया जाता है। इस पर कार्रवाई होनी चाहिए और शीर्ष अदालत को भी इसका संज्ञान लेना चाहिए।