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Chhattisgarh: 'रानीखेत' बीमारी से हुई थी बालोद में 3700 मुर्गियों की मौत, रायपुर लैब की रिपोर्ट से खुलासा

Thu, 09 Feb 2023 10:54 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर Published by: शाहरुख खान Updated Thu, 09 Feb 2023 10:54 AM IST
सार

बालोद के तिवारी पोल्ट्री फार्म में 3700 मुर्गियों के मौत के मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट आ गई है। रिपोर्ट में बड़ा खुलासा हुआ है। बालोद में 3700 मुर्गियों की मौत रानीखेत नामक बीमारी से हुई थी।

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3700 hen died in Balod due to ranikhet salt disease, Raipur lab report revealed
रानीखेत नमक बीमारी से हुई 3700 मुर्गियों की मौत - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

छत्तीसगढ़ के बालोद जिले के दल्ली राजहरा नगर पालिका के तिवारी पोल्ट्री फार्म में एक साथ 3700 मुर्गियों के मौत के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। बालोद पशुपालन विभाग को मुर्गियों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिली है। 
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दरअसल विभाग द्वारा सैंपल रायपुर भेजा गया था जहां से रिपोर्ट आई है। बर्ड फ्लू जैसी कोई बीमारी नहीं है। मुर्गियों की मौत 'रानीखेत' बीमारी से हुई है। यह मुर्गियों में पाई जाने वाली एक बीमारी है। पशुपालन विभाग ने उपसंचालक ने बताया कि यहां जो रोग पाया गया है, उसे वैज्ञानिक भाषा में Newcastle disease कहा जाता है। अलग-अलग देशों में इसका अलग-अलग नाम है। अभी और बेहतर रिपोर्ट के लिए सैंपल पुणे महाराष्ट्र भी भेजा गया है।
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विषाणुजन रोग
डॉक्टर सिहारे ने बताया कि रानीखेत रोग (Virulent Newcastle disease (VN) एक विषाणुजन्य रोग है, जो घरेलू पक्षियों (जैसे मुर्गी) और अनेकों जंगली पक्षी प्रजातियों को प्रभावित करती है। दो तीन दिन में ही पक्षी बहुत कमजोर हो जाते हैं इसमें मृत्यु दर भी ज्यादा होती है। शायद यही कारण है कि एक साथ इतने पक्षियों की मृत्यु हुई है। यह रोग सूक्ष्म रोगाणु द्वारा बहुत तेजी से फैलता है। संक्रमण का नियंत्रण और उपचार समय रहते न होने से रोग महामारी की तरह फैल जाता है। इससे मुर्गी पालकों को अपार क्षति होती है।
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जानिए एडवाइजरी
पशुपालन विभाग से जो यहां एडवाइजरी मिली है उसको लेकर के अब इसे अमल में लाया जाएगा, लक्षण दिखने वाले मुर्गियों को अलग रखने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं बीमार शेड में जाने वाले कर्मचारियों को स्वास्थ्य शेड में नहीं जाना है। इसके साथ ही यहां पर पानी निकासी की व्यवस्था और साफ सफाई रखने की बात कही गई है। वहीं जिस पोल्ट्री फार्म में यह घटना घटी है वहां पर संभाग स्तरीय रैपिड रिस्पॉन्स टीम काम करेगी।


पुणे भी भेजा सैंपल
फिलहाल यहां पर रानीखेत बीमारी होने की बात प्रथम दृष्टया सामने आई है और मोक्युकूलर रिपोर्ट के लिए पुणे महाराष्ट्र भी सैंपल भेजा गया है वास्तिव रिपोर्ट वहीं से आने के बाद ही पता लग पाएगा लेकिन बालोद के लिए राहत की बात है कि वहां फिलहाल बर्ड फ्लू जैसी बात सामने नहीं आई है।
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