Korba: फ्लोरामैक्स के खिलाफ महिलाओं का चक्काजाम, पीड़ित संगठन ने की कर्जमाफी की मांग, मंत्री का रोका काफिला
कोरबा में 500 करोड़ से ज्यादा की ठगी हजारों महिलाओं से पिछले कुछ महीनो में हुई है। फ्लोरामैक्स के खिलाफ महिलाओं का चक्काजाम जारी है। इस दौरान पीड़ित महिलाओं ने मंत्री का काफिला रोक लिया।
विस्तार
कोरबा जिले में लगभग 500 करोड़ से ज्यादा की ठगी हजारों महिलाओं से पिछले कुछ महीनो में हुई है। फ्लोरामैक्स नामक कंपनी के चक्कर में फंसकर महिलाओं का सिर दर्द बढ़ गया है। ज्ञापन धरना प्रदर्शन और भूख हड़ताल से कोई बात नहीं बनी तो महिलाओं ने कोरबा के आईटीआई चौराहे पर चक्काजाम कर दिया है।
फ्लोरमैक्स से जुड़ी हजारों महिलाओं की झूमाझटकी एक दिन पहले ही पुलिस के साथ हो गई थी, जब उन्हें तानसेन चौक से हटाने की कोशिश की गई। महिलाओं ने इस दौरान पुलिस पर जबरिया कार्रवाई करने के आरोप लगाया। कुछ घंटे के बाद महिलाओं ने फिर से प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसके अंतर्गत उन्होंने रविवार को तानसेन आईटीआई चौराहा पर चारों दिशाओं में चक्काजाम कर दिया और नारेबाजी की। महिलाओं की मांग है कि उनके ऊपर जो कर्ज चढ़ा दिया गया है उसे सरकार माफ कराये। जबकि पूरे मामले में जांच पड़ताल के लिए प्रशासन ने सात सदस्यीय जांच कमेटी का गठन किया है उसे निर्धारित अवधि में जांच के साथ अगली कार्रवाई करने को निर्देशित किया गया है।
महिलाओं ने बताया कि फ्लोरा मैक्स कंपनी के संचालकों की ठगी का शिकार हुईं महिलाएं न्याय की गुहार लगाने दफ्तरों की ठोकरें का खा रही हैं। आक्रोशित महिलाएं थक हारकर आंदोलन पर बैठ गई और चक्काजाम करने पर मजबूर हैं। पीड़ित महिलाओं ने बताया कि कंपनी में इनवेस्ट की गई रकम तो डूब गई, कंपनी ने उनके नाम पर बैंक से लोन भी निकलवाकर इन्वेस्ट करा लिया। अब बैंक कर्मी लोन की किस्त के लिए उनके घर के चक्कर काट रहे हैं। गांव में जिन्होंने उनके कहने पर कंपनी में इन्वेस्ट किया। अब वे उनसे अपने पैसे वापस मांग रहे हैं। इससे गांव में विवाद की स्थिति निर्मित हो रही है।
करोड़ों की ठगी करने वाले फ्लोरामैक्स के डायरेक्टरों के साथ टॉप-10 लीडर और कैशियर ने एक साल के भीतर जमकर कमाई की। कोरबा पुलिस जांच में अब तक ऑन रिकार्ड 27 हजार महिलाओं के फ्लोरा मैक्स से जुड़े होने और उनके रकम निवेश होने का पता चला है। फिलहाल निगम चौक के पास पिछले पांच दिनों से चक्काजाम करके महिलाएं आंदोलन पर बैठी हैं।
छत्तीसगढ़ के पंचायत एवं कृषि मंत्री राम विचार नेताम एक सामाजिक कार्यक्रम में शामिल होने कोरबा पहुंचे। कार्यक्रम के दौरान माहौल उस समय तनावपूर्ण हो गया जब फ्लोरमैक्स से पीड़ित लगभग 500 महिलाएं अपनी मांगों को लेकर कार्यक्रम स्थल पर पहुंच गई।
महिलाओं ने किया घेराव
महिलाएं अपनी लंबित समस्याओं और फ्लोर मैक्स प्रकरण से जुड़े मुद्दों को लेकर मंत्री से तुरंत समाधान की मांग करने लगीं। कार्यक्रम स्थल पर महिलाएं मंत्री से बात करने की जिद पर अड़ गईं। हालात तब और गंभीर हो गए जब मंत्री राम विचार नेताम और उनके साथ मौजूद उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन सहित अन्य पदाधिकारी कार्यक्रम समाप्त कर बाहर निकलने की कोशिश करने लगे।
मंत्री का रोका काफिला
मंत्री के काफिले को महिलाओं ने कार्यक्रम स्थल पर ही रोक दिया और मांगों को पूरा करने का दबाव बनाने लगीं। महिलाओं का कहना था कि जब तक उनकी समस्याओं का हल नहीं निकलता, वे मंत्री को यहां से जाने नहीं देंगी।
नेतागिरी से नहीं चलेगा काम- मंत्री नेताम
मंत्री रामविचार नेताम ने महिलाओं से बातचीत कहा कि, नेताम ने कहा नेतागिरी करने या सड़क जाम करने से काम नहीं बनेगा। कानून को अपने हाथ में ना लें जो भी इसमें दोषी हैं कार्रवाई की जाएगी। साथ ही मंत्री ने महिलाओं से कहा कि लोन लेने से पहले कंपनी के बारे में जानकारी ले लेनी थी। एक घंटे के बाद बंधक बनाएं नेता को महिलाओं ने छोड़ा। मंत्री ने कहा सरकार हमारी है बात करके आगे की कार्रवाई की जाएगी, सीएम तक बात पहुंचा दी जाएगी ।