{"_id":"687b957998c4f199f606bd8a","slug":"encounter-between-security-forces-and-maoists-ends-bodies-of-six-naxalites-recovered-in-narayanpur-2025-07-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"नारायणपुर: सुरक्षाबलों और माओवादियों के बीच मुठभेड़ खत्म, छह नक्सलियों के शव बरामद, तीन महिलाएं भी शामिल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नारायणपुर: सुरक्षाबलों और माओवादियों के बीच मुठभेड़ खत्म, छह नक्सलियों के शव बरामद, तीन महिलाएं भी शामिल
Sat, 19 Jul 2025 07:30 PM IST
Digvijay Singh
अमर उजाला नेटवर्क, नारायपुर
अमर उजाला नेटवर्क, नारायपुर
Published by: Digvijay Singh
Updated Sat, 19 Jul 2025 07:30 PM IST
सार
नारायणपुर जिले के घने जंगलों में सुरक्षाबलों और माओवादियों के बीच भीषण मुठभेड़ खत्म होने के बाद जवान मुख्यालय लोटे।मुठभेड़ मे अब तक कुल 6 माओवादियों के शव बरामद किए गए हैं।
विज्ञापन
नक्सली मुठभेड़ खत्म
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
नारायणपुर जिले के घने जंगलों में सुरक्षाबलों और माओवादियों के बीच भीषण मुठभेड़ खत्म होने के बाद जवान मुख्यालय लोटे।मुठभेड़ मे अब तक कुल 6 माओवादियों के शव बरामद किए गए हैं, जिनमें तीन महिला माओवादी भी शामिल हैं। मुठभेड़ स्थल से AK-47, SLR राइफल, BGL लांचर सहित विस्फोटक सामग्री और माओवादी गतिविधियों में उपयोग आने वाली कई वस्तुएं बरामद हुई हैं। इस कार्रवाई को अबूझमाड़ जैसे संवेदनशील क्षेत्र में माओवादियों के खिलाफ सुरक्षाबलों की बड़ी सफलता माना जा रहा है।
विज्ञापन
सुरक्षा एजेंसियों को अबूझमाड़ क्षेत्र में माओवादियों की मौजूदगी की पुख्ता सूचना मिली थी। इसके बाद सुरक्षाबलों की संयुक्त टीमों ने इलाके में सर्चिंग ऑपरेशन शुरू किया। दिन भर रुक-रुक कर फायरिंग चलती रही, और सुरक्षाबलों ने इलाके को चारों ओर से घेरते हुए माओवादियों पर शिकंजा कस दिया।मुठभेड़ में ढेर किए गए माओवादियों के शवों को जिला मुख्यालय लाया गया है। नारायणपुर पुलिस लाइन में रमेश, पूनम, केशव सहित कुल 6 माओवादियों के शव रखे गए हैं। इनमें तीन महिला माओवादी भी शामिल हैं।
विज्ञापन
सुरक्षाबलों को मौके से भारी संख्या में हथियार, बारूद, माओवादी साहित्य, और दैनिक उपयोग की वस्तुएं भी मिली हैं, जो इनके लंबे समय से जंगल में डेरा जमाए होने की पुष्टि करते हैं।इस पूरे ऑपरेशन को 'ऑपरेशन मानसून' के तहत अंजाम दिया गया है, जो फिलहाल जारी है। बस्तर आईजी ने मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि बारिश के मौसम में भी ऑपरेशन की गति धीमी नहीं पड़ेगी, बल्कि और तेज़ की जाएगी। जवानों का मनोबल ऊंचा है और वे हर हाल में माओवादियों का सफाया करने के लिए डटे हुए हैं।
विज्ञापन