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दुर्ग में फ्लेक्स घोटाला: नगर निगम के पूर्व आयुक्त सहित चार अफसरों पर FIR, फर्जी दस्तावेज से निकाला गलत टेंडर
Tue, 21 Mar 2023 08:21 PM IST
मोहनीश श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दुर्ग
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दुर्ग
Published by: मोहनीश श्रीवास्तव
Updated Tue, 21 Mar 2023 08:21 PM IST
सार
शिकायतकर्ता मेहरबान सिंह ने बताया कि चुनाव के दौरान इको फ्रेंडली फ्लेक्स लगाने के बजाय सामान्य फ्लेक्स लगाया गया था। शिकायतकर्ता इस मामले को लेकर कार्यवाही के लिए पुलिस और कोर्ट का चक्कर लग रहा था। करीब चार साल बाद अपराध दर्ज किया गया। पद्मनभापुर थाने के जांच अधिकारी जीपी श्रीवास ने बताया कि मामले की विवेचना की जा रही है।
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दुर्ग नगर निगम के पूर्व कमिश्नर सुनील अग्रहरि।
- फोटो : संवाद
विस्तार
छत्तीसगढ़ के दुर्ग नगर निगम के पूर्व आयुक्त सुनील अग्रहरि सहित चार अफसरों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है। आरोप है कि फर्जी दस्तावेज के जरिए गलत टेंडर निकाला गया और भुगतान भी करा दिया। पूरा मामला फ्लेक्स प्रिंटिंग से जुड़ा हुआ है। दुर्ग जिला सत्र न्यायालय के आदेश पर पद्मनाभपुर थाने में कार्रवाई की गई है। फिलहाल एफआईआर होने के बाद पुलिस मामले की जांच कर रही है।
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जानकारी के मुताबिक, 2018 के विधानसभा और 2019 लोकसभा चुनाव में मतदाता जागरूकता के तहत फैलेक्स के माध्यम से प्रचार-प्रसार करना था। इसके लिए जिला प्रशासन ने दुर्ग नगर निगम के तात्कालिन आयुक्त सुनील अग्रहरि को नोडल अधिकारी नियुक्त किया था। साथ ही यह भी शर्त थी फ्लैक्स इको फ्रेंडली लगाया जाएगा। आरोप है कि टेंडर में बदलाव कर सामान्य फ्लेक्स से प्रचार किया गया।
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आरोप यह भी है कि, गलत टेंडर के जरिए साढ़े आठ लाख रुपये का भुगतान किया गया। इसे लेकर आरटीआई एक्टिविस्ट मेहरबान सिंह ने कोर्ट में परीवाद दायर किया था। जिसके बाद कोर्ट के आदेश से पद्मनाभपुर थाने में नगर निगम के तात्कालिक आयुक्त सुनील अग्रहरी, तत्कालीन राजस्व निरीक्षक चंद्रकांत शर्मा, तत्कालीन सहायक राजस्व निरीक्षक पवन नायक और अनिल सिंह के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है।
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