{"_id":"632dae66adc20f318a1c656e","slug":"chhattisgarh-govt-announces-women-safety-campaign-in-schools-colleges-and-other-public-place","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chhattisgarh: बेटियां बनेगी सशक्त, 'हमार बेटी-हमार मान' अभियान के तहत जारी होगा हेल्पलाइन नंबर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chhattisgarh: बेटियां बनेगी सशक्त, 'हमार बेटी-हमार मान' अभियान के तहत जारी होगा हेल्पलाइन नंबर
Fri, 23 Sep 2022 11:29 PM IST
वीरेंद्र शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रायपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रायपुर
Published by: वीरेंद्र शर्मा
Updated Fri, 23 Sep 2022 11:29 PM IST
सार
मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटियां हमारी शान हैं और वे ही प्रदेश के उज्जवल भविष्य की नींव हैं। जिस समाज में बेटियां सुरक्षित और सशक्त हों, वही समाज विकास के पथ पर आगे बढ़ता है।
विज्ञापन
women empowerment
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
छत्तीसगढ़ की भूपेश बघेल सरकार ने प्रदेश की बेटियों और महिलाओं को सुरक्षित और सशक्त बनाने के लिए 'हमार बेटी-हमार मान' अभियान प्रारंभ करने जा रही है। समाज में बेटियां को सुरक्षित और सशक्त बनाने के लिए सरकार उन्हें आवश्यक सेवाएं भी प्रदान करेगी।
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने ट्वीट कर कहा कि 'हमार बेटी-हमार मान' नाम का एक अभियान शुरू किया जा रहा है। जिसके तहत महिला पुलिसकर्मी सभी जिलों के स्कूलों और कॉलेजों में जाकर लड़कियों को उनके कानूनी अधिकारों के बारे में शिक्षित करेंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटियां हमारी शान हैं और वे ही प्रदेश के उज्जवल भविष्य की नींव हैं। जिस समाज में बेटियां सुरक्षित और सशक्त हों, वहीं समाज विकास के पथ पर आगे बढ़ता है।
उन्होंने कहा कि महिला पुलिस कर्मी हर जिले में स्कूलों और कॉलेजों का दौरा करेंगी और छात्रों को उनके कानूनी अधिकारों, गुड टच-बैड टच, साइबर अपराध, छेड़छाड़ और यौन शोषण आदि के बारे में जानकारियां देंगी। उन्होंने छात्राओं के साथ बातचीत भी की और उन्हें महत्वपूर्ण परिस्थितियों से निपटने के तरीकों पर मार्गदर्शन किया। सीएम ने कहा कि छात्रों को यह भी बताया जाएगा कि सुरक्षा के लिए मोबाइल एप्लिकेशन का उपयोग कैसे किया जाए। इसके अलावा, मुख्यमंत्री ने कहा कि महिला पुलिसकर्मियों का एक विशेष गश्ती दल लड़कियों के स्कूल, कॉलेजों के अलावा महिलाओं के आने जाने वाले स्थानों पर तैनात किया जाएगा।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री ने कहा कि एक हेल्पलाइन नंबर जारी किया जाएगा, जिस पर महिलाओं के खिलाफ दुर्व्यवहार, छेड़छाड़ और अन्य अपराधों की शिकायत दर्ज कराई जा सकेगी और उनपर प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। महिलाओं के खिलाफ अपराधों की जांच महिला जांचकर्ताओं द्वारा प्राथमिकता के आधार पर की जाएगी और यह सुनिश्चित करने के लिए रेंज के पुलिस महानिरीक्षक (आईजीपी) की जिम्मेदारी होगी कि इस तरह के अपराधों की जांच पूरी हो और अदालत में चार्जशीट निर्धारित समय के भीतर प्रस्तुत की जाए।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने ट्वीट कर कहा कि 'हमार बेटी-हमार मान' नाम का एक अभियान शुरू किया जा रहा है। जिसके तहत महिला पुलिसकर्मी सभी जिलों के स्कूलों और कॉलेजों में जाकर लड़कियों को उनके कानूनी अधिकारों के बारे में शिक्षित करेंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटियां हमारी शान हैं और वे ही प्रदेश के उज्जवल भविष्य की नींव हैं। जिस समाज में बेटियां सुरक्षित और सशक्त हों, वहीं समाज विकास के पथ पर आगे बढ़ता है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि महिला पुलिस कर्मी हर जिले में स्कूलों और कॉलेजों का दौरा करेंगी और छात्रों को उनके कानूनी अधिकारों, गुड टच-बैड टच, साइबर अपराध, छेड़छाड़ और यौन शोषण आदि के बारे में जानकारियां देंगी। उन्होंने छात्राओं के साथ बातचीत भी की और उन्हें महत्वपूर्ण परिस्थितियों से निपटने के तरीकों पर मार्गदर्शन किया। सीएम ने कहा कि छात्रों को यह भी बताया जाएगा कि सुरक्षा के लिए मोबाइल एप्लिकेशन का उपयोग कैसे किया जाए। इसके अलावा, मुख्यमंत्री ने कहा कि महिला पुलिसकर्मियों का एक विशेष गश्ती दल लड़कियों के स्कूल, कॉलेजों के अलावा महिलाओं के आने जाने वाले स्थानों पर तैनात किया जाएगा।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री ने कहा कि एक हेल्पलाइन नंबर जारी किया जाएगा, जिस पर महिलाओं के खिलाफ दुर्व्यवहार, छेड़छाड़ और अन्य अपराधों की शिकायत दर्ज कराई जा सकेगी और उनपर प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। महिलाओं के खिलाफ अपराधों की जांच महिला जांचकर्ताओं द्वारा प्राथमिकता के आधार पर की जाएगी और यह सुनिश्चित करने के लिए रेंज के पुलिस महानिरीक्षक (आईजीपी) की जिम्मेदारी होगी कि इस तरह के अपराधों की जांच पूरी हो और अदालत में चार्जशीट निर्धारित समय के भीतर प्रस्तुत की जाए।