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CG: हाईकोर्ट ने शराब की दुकान से जुड़े एक मामले में सरकार को लगाई फटकार; चीफ जस्टिस करेंगे अगली सुनवाई
Fri, 28 Feb 2025 11:09 PM IST
अनुज कुमार
अमर उजाला नेटवर्क, बिलासपुर
अमर उजाला नेटवर्क, बिलासपुर
Published by: अनुज कुमार
Updated Fri, 28 Feb 2025 11:09 PM IST
सार
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने नाराजगी जाहिर करते हुए पूछा था कि क्या सरकार का उद्देश्य केवल राजस्व कमाना ही रह गया है। अब यह मामला नियमित बेंच के समक्ष पेश किया जाएगा और अगली सुनवाई एक सप्ताह बाद होगी।
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छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने सिरगिट्टी मुख्य मार्ग पर स्थित शराब दुकान से जुड़े मामले में स्वतः संज्ञान लेते हुए जनहित याचिका के रूप में सुनवाई शुरू कर दी है। शुक्रवार को इस मामले की सुनवाई जस्टिस संजय के अग्रवाल की डिवीजन बेंच में होनी थी, लेकिन इसे नियमित बेंच में सुने जाने के लिए एक सप्ताह के लिए टाल दिया गया है।
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अब अगली सुनवाई चीफ जस्टिस की नियमित बेंच में होगी। दरअसल शहर के सिरगिट्टी-तारबाहर क्षेत्र में अंडर ब्रिज के पास स्थित शराब भट्टी सरकारी नियमों का उल्लंघन करते हुए संचालित हो रही है। स्थानीय नागरिकों ने कई बार इसे हटाने की मांग की, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
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शाम के समय इस क्षेत्र में शराबियों की भीड़ लग जाती है, जिससे महिलाओं और स्थानीय निवासियों को असुविधा होती है। सड़क पर जाम की स्थिति उत्पन्न होने के साथ ही कई बार महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार की घटनाएं भी सामने आई हैं।
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28 जनवरी 2025 को प्रकाशित एक समाचार रिपोर्ट के आधार पर हाईकोर्ट ने स्वतः संज्ञान लेते हुए इस मामले में जनहित याचिका पंजीकृत की थी। प्राथमिक सुनवाई में कोर्ट ने पाया कि शराब भट्टी अंडरब्रिज, मंदिर और आवासीय क्षेत्रों के पास स्थित है, जो कि सरकारी नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है।
पिछली सुनवाई में चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा ने नगर निगम आयुक्त को आदेश दिया था कि वे हर शाम मौके पर जाकर शराब भट्टी का निरीक्षण करें। इसके साथ ही कोर्ट ने नाराजगी जाहिर करते हुए पूछा था कि क्या सरकार का उद्देश्य केवल राजस्व कमाना ही रह गया है। अब यह मामला नियमित बेंच के समक्ष पेश किया जाएगा और अगली सुनवाई एक सप्ताह बाद होगी।