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गांव पहुंचा बालोद का पहला अग्निवीर: पिता को कैप पहनाकर दी सलामी; भारतीय नौसेना में ट्रेनिंग कर लौटा राहुल

Sat, 22 Apr 2023 05:37 PM IST
मोहनीश श्रीवास्तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बालोद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बालोद Published by: मोहनीश श्रीवास्तव Updated Sat, 22 Apr 2023 05:37 PM IST
सार

बालोद जिले से तीन अग्निवीरों का चयन हुआ है। इनमें सबसे पहले राहुल यादव ने स्थान बनाया। वहीं दो अन्य युवा अभी प्रशिक्षण अवधि में है। राहुल ने सबसे पहले अग्निवीर का प्रशिक्षण पूरा किया। ग्राम के सरपंच उप सरपंच, वरिष्ठ नागरिकों ने उनकी सफलता को लेकर काफी खुशी जाहिर की है।

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balod's first Agniveer Rahul Yadav reached village after completing training
अग्निवीर बनने के बाद बालौद घर लौटा राहुल यादव। - फोटो : संवाद

विस्तार

छत्तीसगढ़ के बालोद जिले का पहला अग्निवीर राहुल यादव शनिवार को अपनी ट्रेनिंग पूरी कर गांव लौटा। इस दौरान उसका माला पहनाकर और गाजे-बाजे के साथ गांव वालों ने स्वागत किया। राहुल ने अपनी कैप उतारकर पिता को पहना दी और उन्हें सलामी दी। राहुल का चयन भारतीय नौसेना में अग्निवीर के पहले बैच में हुआ है। राहुल ने कहा कि, यह उसके लिए गौरवपूर्ण क्षण है। माता-पिता के बिना यह संभव नहीं था। उनकी ही निरंतर प्रेरणा के परिणाम स्वरूप वह आज इस काबिल बन पाया है। 

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राहुल यादव जब प्रशिक्षण पाकर वापस अपने घर पहुंचा तो उसने नेवी प्रोटोकॉल का भी प्रदर्शन किया। अपने परिवार वालों के सामने किया हल्के-हल्के कदमों के साथ परेड करते हुए पहुंचा और उनको नमन किया। माता-पिता ने भी कहा कि सरकार का धन्यवाद है कि अग्निवीर के माध्यम से हमारे नौजवान बच्चों को एक सुनहरा भविष्य देने जा रही है। वहीं राहुल ने कहा कि देश के लिए रक्षा करने के लिए अग्निवीर से बेहतर कुछ नहीं हो सकता। हम सब युवाओं को इसके लिए और तैयारी करनी चाहिए।
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तीन पहर करता था मेहनत 
जिले के ग्राम सिकोसा निवासी राहुल यादव ने विशाखापत्तनम में हुई अग्निवीर की भर्ती रैली में हिस्सा लिया था। उसका चयन नेवी के लिए हुआ। राहुल ने अग्निवीर बनने के लिए अंतिम बचे 15 दिनों में जमकर मेहनत की। वह अपने कोच के मार्गदर्शन में दिन के तीन पहर पसीना बहाता। गांव के ही खेल प्रशिक्षक (NIS Coach) भुपेन्द्र निषाद ने प्रशिक्षण दिया। इसके लिए वह स्कूल के दिनों से ही हर दिन दौड़ और योग के जरिए खुद को तैयार कर रहा था। राहुल पढ़ाई में भी मेधावी छात्र रहा। उसकी इस सफलता पर पूरे परिवार और ग्रामीणों ने बधाई दी और उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी।।

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