फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chhattisgarh ›   Attempt to smuggle minor children in train fails, both children safe, accused arrested in Raipur

Raipur News: ट्रेन में नाबालिग बच्चों की तस्करी का प्रयास नाकाम, दोनों बच्चे सुरक्षित, आरोपी गिरफ्तार

Fri, 19 Dec 2025 06:40 PM IST
अमन कोशले अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर Published by: अमन कोशले Updated Fri, 19 Dec 2025 06:40 PM IST
सार

रायपुर में चाइल्ड हेल्पलाइन, आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त कार्रवाई में दो नाबालिग बच्चों की तस्करी का मामला पकड़ा गया। मामले में आरोपित को हिरासत में लेकर उसके खिलाफ मामला दर्ज किया गया है, जबकि दोनों बच्चों को सुरक्षित संरक्षण में रखा गया है।

विज्ञापन
Attempt to smuggle minor children in train fails, both children safe, accused arrested in Raipur
पुलिस के गिरफ्त में आरोपी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

रायपुर में चाइल्ड हेल्पलाइन, आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त कार्रवाई में दो नाबालिग बच्चों की तस्करी का मामला पकड़ा गया। मामले में आरोपित को हिरासत में लेकर उसके खिलाफ मामला दर्ज किया गया है, जबकि दोनों बच्चों को सुरक्षित संरक्षण में रखा गया है।
विज्ञापन


जानकारी के अनुसार, 15 दिसंबर 2025 को चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 पर सूचना मिली थी कि ट्रेन नंबर 12102 ज्ञानेश्वरी सुपरफास्ट एक्सप्रेस की जनरल बोगी में नाबालिग बच्चों को अवैध तरीके से ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही रेलवे चाइल्ड हेल्पलाइन ने आरपीएफ और जीआरपी के साथ संयुक्त टीम बनाकर कार्रवाई की।
विज्ञापन


संयुक्त टीम ने ट्रेन में चेकिंग कर दो नाबालिग बच्चों को सुरक्षित रेस्क्यू किया। उसी दौरान दक्षिण 24 परगना, पश्चिम बंगाल निवासी 34 वर्षीय राशिद मल्ला को हिरासत में लिया गया। preliminary जांच में सामने आया कि वह बच्चों को शालीमार रेलवे स्टेशन से महाराष्ट्र के बाटनेरा स्थित कपड़ा फैक्ट्री में काम कराने के लिए ले जा रहा था।
विज्ञापन
विज्ञापन


रेस्क्यू के बाद बच्चों से अलग-अलग पूछताछ की गई। इसके बाद मामला जीआरपी थाना में दर्ज कराया गया। आरोपित के खिलाफ कानून के तहत केस दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। दोनों बच्चों को बाल कल्याण समिति के समक्ष पेश किया गया। आदेश के बाद उन्हें शासकीय बाल गृह (बालक) माना कैंप में सुरक्षित संरक्षण में रखा गया है।


अगस्त से अब तक 60 से ज्यादा बच्चों को बचाया गया
जिले में अगस्त 2025 से चाइल्ड हेल्पलाइन संचालित है। अब तक 60 से 70 बच्चों को रेस्क्यू किया जा चुका है। इनमें बाल श्रम, बाल तस्करी, भिक्षावृत्ति, घुमंतू और भटके हुए बच्चे शामिल हैं। इनमें से लगभग 50 बच्चों को बाल कल्याण समिति के आदेश पर सुरक्षित रूप से परिजनों के पास भेजा जा चुका है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed