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Raipur News: नकटी के बाद अब तुता में कार्रवाई की आहट, 35 मकानों पर NRDA का नोटिस, ग्रामीणों में बढ़ी चिंता
Sat, 04 Jul 2026 01:15 PM IST
अमन कोशले
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
Published by: अमन कोशले
Updated Sat, 04 Jul 2026 01:15 PM IST
सार
राजधानी रायपुर से लगे तुता गांव में अतिक्रमण को लेकर नया विवाद सामने आया है। नवा रायपुर डेवलपमेंट अथॉरिटी (एनआरडीए) ने गांव के 35 मकानों पर नोटिस चस्पा कर निवासियों से जवाब मांगा है।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
राजधानी रायपुर से लगे तुता गांव में अतिक्रमण को लेकर नया विवाद सामने आया है। नवा रायपुर डेवलपमेंट अथॉरिटी (एनआरडीए) ने गांव के 35 मकानों पर नोटिस चस्पा कर निवासियों से जवाब मांगा है। नोटिस मिलने के बाद प्रभावित परिवारों में अनिश्चितता और चिंता का माहौल है।
एनआरडीए ने 30 जून को जारी नोटिस में दावा किया है कि संबंधित मकान प्राधिकरण की जमीन पर बने हैं। नोटिस के अनुसार, संबंधित पक्षों को 6 जुलाई तक अपना पक्ष प्रस्तुत करना होगा। निर्धारित समय तक जवाब नहीं मिलने की स्थिति में विभाग द्वारा एकतरफा कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
दूसरी ओर ग्रामीणों का कहना है कि वे पिछले कई दशकों से इसी स्थान पर रह रहे हैं। उनका दावा है कि कई परिवार 25 से 50 वर्षों से यहां निवास कर रहे हैं और उनकी पीढ़ियां इसी गांव में पली-बढ़ी हैं। ग्रामीणों ने सवाल उठाया है कि यदि मकान वास्तव में अवैध थे, तो इतने वर्षों तक प्रशासन ने इस पर कोई कार्रवाई क्यों नहीं की। नोटिस के बाद अब गांव में लोगों के बीच अपने घरों को लेकर चिंता और असमंजस का माहौल बना हुआ है।
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एनआरडीए ने 30 जून को जारी नोटिस में दावा किया है कि संबंधित मकान प्राधिकरण की जमीन पर बने हैं। नोटिस के अनुसार, संबंधित पक्षों को 6 जुलाई तक अपना पक्ष प्रस्तुत करना होगा। निर्धारित समय तक जवाब नहीं मिलने की स्थिति में विभाग द्वारा एकतरफा कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
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दूसरी ओर ग्रामीणों का कहना है कि वे पिछले कई दशकों से इसी स्थान पर रह रहे हैं। उनका दावा है कि कई परिवार 25 से 50 वर्षों से यहां निवास कर रहे हैं और उनकी पीढ़ियां इसी गांव में पली-बढ़ी हैं। ग्रामीणों ने सवाल उठाया है कि यदि मकान वास्तव में अवैध थे, तो इतने वर्षों तक प्रशासन ने इस पर कोई कार्रवाई क्यों नहीं की। नोटिस के बाद अब गांव में लोगों के बीच अपने घरों को लेकर चिंता और असमंजस का माहौल बना हुआ है।
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