फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   income tax department register case against 200 employees of an it company in fraud refund case

200 सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स ने ITR में किया घोटाला, टैक्स डिपार्टमेंट ने दर्ज किया केस

Wed, 27 Sep 2017 01:18 PM IST
amarujala.com- Presented By: अनंत पालीवाल
amarujala.com- Presented By: अनंत पालीवाल Updated Wed, 27 Sep 2017 01:18 PM IST
विज्ञापन
income tax department register case against 200 employees of an it company in fraud refund case
income tax department
एक ही कंपनी के 200 सॉफ्टवेयर इंजीनियर्स द्वारा आईटीआर में घपला करने के कारण इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने केस दर्ज कर लिया है। ये सभी इंजीनियर्स हैदराबाद स्थित पोलारिस कंपनी में काम करते हैं। 
विज्ञापन


ये किया था घपला 
इन इंजीनियर्स ने अपने आईटीआर में परिवार के सदस्यों की फर्जी तरीके से बीमारी और दिव्यांगता दिखाकर रिफंड के लिए क्लेम किया था। मामले के संज्ञान में आने के बाद हैदराबाद सर्किल के इनकम टैक्स डिपार्टमेंट के डिप्टी कमिश्नर एम मोहन बाबू ने सेंट्रल क्राइम स्टेशन में इन सभी के खिलाफ केस दर्ज करा दिया है।   
विज्ञापन


पढ़ें- आईटीआर भरना होगा आसान, मोबाइल ऐप से लेकर के हर जिले में मिलेगी TRP से मदद
विज्ञापन
विज्ञापन


पुलिस ने जांच के बाद इन सभी आरोपियों के अलावा दो चार्टर्ड अकाउंटेंट को भी हिरासत में लिया है, जिन्होंने इस तरह के आईटीआर भरे थे। पुलिस ने इन दोनों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट भी फाइल कर दी है। सेंट्रल क्राइम स्टेशन के असिसटेंट कमिश्नर आर रामकुमार ने कहा कि दोनों अभियुक्त एन श्रीकांत गौड़ और मोहम्मद खलील नाम के इन दो सीए ने पहले दिलसुख नगर की वेकंटशवर कॉलोनी में अपने ऑफिस का सेटअप किया और फिर बाद में पोलारिस के कर्मचारियों से इनकम टैक्स रिफंड पाने में मदद करने का भरोसा दिलाया। 


इस तरह से किया था घोटाला
इस केस की जांच करने वाले राम कुमार ने बताया कि इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 80डी और 80डीडी के तहत कोई भी व्यक्ति मेडीकल ग्राउंड पर रिफंड के लिए क्लेम कर सकता है। इन दोनों सीए ने पोलारिस के कर्मचारियों से मिलकर के उनके आईटीआर इस शर्त पर प्रोसेस करने के लिए कहा कि वो अपने परिवार के सदस्यों को गंभीर बीमारी से पीड़ित दिखाएंगे तो उन्हें क्लेम मिल जाएगा। रिफंड दाखिल करने के बाद प्रत्येक कर्मचारी को 50 हजार से लेकर के 1 लाख रुपये तक का आईटीआर में रिबेट मिल गई। इसके लिए दोनों सीए ने प्रत्येक कर्मी से 10 फीसदी कमीशन के तौर पर लिया। 

ऐसा करने से आईटी डिपार्टमेंट को करीब 1.36 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। डिपार्टमेंट ने कहा है कि वो शहर में मौजूद ऐसे सीए के खिलाफ अभियान चलाकर के कार्रवाई करेगी, जो रिटर्न फाइल करने में गड़बड़ी करके अपना फायदा कर रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed