America: व्हाइट हाउस आयोग ने ग्रीन कार्ड पर की अहम सिफारिश, भारतीयों को मिलेगा फायदा
America: ग्रीन कार्ड, जिसे आधिकारिक तौर पर स्थायी निवासी कार्ड के रूप में जाना जाता है, एक दस्तावेज है जो अमेरिका में आप्रवासियों को इस बात के सबूत के रूप में जारी किया जाता है कि धारक को स्थायी रूप से रहने का विशेषाधिकार दिया गया है।
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व्हाइट हाउस के एक आयोग ने ग्रीन कार्ड आवेदन प्रक्रिया प्रणाली के प्रारंभिक चरण में रोजगार प्राधिकार कार्ड और अन्य आवश्यक यात्रा दस्तावेज जारी करने की सिफारिश की है। व्हाइट हाउस कमीशन फॉर एशियन अमेरिकन, नेटिव हवाईयन एंड पैसिफिक आइलैंडर (एएएनएचपीआई) ने गुरुवार को इस पर एक सिफारिश को मंजूरी दे दी। ग्रीन कार्ड, जिसे आधिकारिक तौर पर स्थायी निवासी कार्ड के रूप में जाना जाता है, एक दस्तावेज है जो अमेरिका में आप्रवासियों को इस बात के सबूत के रूप में जारी किया जाता है कि धारक को स्थायी रूप से रहने का विशेषाधिकार दिया गया है।
ग्रीन कार्ड आवेदन प्रक्रिया में कई चरण हैं, और यह नियोक्ताओं द्वारा आई -140 आवेदन दाखिल करने के साथ शुरू होता है, और अगला महत्वपूर्ण कदम आई 485 नामक स्थिति का समायोजन है। भारतीय अमेरिकी समुदाय के नेता अजय जैन भूटोरिया ने बताया कि वर्तमान में उन्हें अपना रोजगार प्राधिकरण कार्ड - ईएडी और यात्रा दस्तावेज अग्रिम पैरोल मिलता है, जो उन्हें ग्रीन कार्ड आवेदन संसाधित होने तक किसी भी नियोक्ता के लिए काम करने की अनुमति देता है। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन द्वारा स्वीकार किए गए प्रस्ताव से सैकड़ों और हजारों विदेशी पेशेवरों को बड़ी राहत मिलेगी, जिनमें से अधिकांश भारतीय अमेरिकी हैं, जिनकी ग्रीन कार्ड प्रतीक्षा अवधि अब दशकों तक चली है। बैठक के दौरान एशियाई-अमेरिकी, नेटिव हवाईयन एंड पैसिफिक आइलैंडर (एएएनएचपीआई) मामलों के लिए व्हाइट हाउस आयुक्त के सदस्य भूटोरिया ने यह सिफारिश पेश की।
इसके अनुसार, गृह सुरक्षा विभाग की अमेरिकी नागरिकता एवं आव्रजन सेवा (डीएचएस यूएससीआईएस) को उन लोगों को रोजगार प्राधिकार दस्तावेज (ईएडी) और यात्रा दस्तावेज देने चाहिए जिन्होंने ईबी-1, ईबी-2, ईबी-3 श्रेणियों में आई-140 रोजगार आधारित वीजा याचिकाओं को मंजूरी दी है, जो पांच या उससे अधिक वर्षों से वीजा बैकलॉग में इंतजार कर रहे हैं, भले ही उन्होंने दर्जे के समायोजन के लिए आवेदन दायर किया हो या नहीं। सिफारिश में कहा गया है कि ईएडी और यात्रा दस्तावेजों की वैधता तब तक होनी चाहिए जब तक कि उनके ग्रीन कार्ड आवेदन अंतिम चरण में नहीं पहुंच जाते। चूंकि हर साल केवल सीमित संख्या में ग्रीन कार्ड जारी किए जा सकते हैं, इसलिए 1.8 मिलियन से अधिक ग्रीन कार्ड आवेदनों का बैकलॉग है और यह मुख्य रूप से चीन, फिलीपींस और भारत सहित एएपीआई देशों के लोगों को प्रभावित करता है।