फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   Vivad Se Vishwas Yojna Government Scheme will save time and money says Nirmala Sitharaman

‘विवाद से विश्वास’ योजना से बचेगा पैसा और समय, करदाताओं को मिलेगी राहत: निर्मला सीतारमण

Tue, 03 Mar 2020 11:38 AM IST
‌डिंपल अलवधी बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: ‌डिंपल अलवधी Updated Tue, 03 Mar 2020 11:38 AM IST
सार

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सोमवार को कहा कि बजट में घोषित प्रत्यक्ष कर समाधान योजना ‘विवाद से विश्वास’ से लोगों को खासी मदद मिलेगी। 

विज्ञापन
Vivad Se Vishwas Yojna Government Scheme will save time and money says Nirmala Sitharaman

विस्तार

याजना से विभिन्न मुकदमों में लगने वाले समय और पैसे की बचत होगी। वर्तमान में आयुक्त (अपीली), आईटीएटी, उच्च न्यायालयों, सुप्रीम कोर्ट और कर वसूली न्यायाधिकरणों जैसे विभिन्न अपीली मंचों में 9.32 लाख करोड़ रुपये से संबंधित लगभग 4.83 लाख कर मामले लंबित हैं।

विज्ञापन


लोकसभा में प्रत्यक्ष कर विवाद से विश्वास विधेयक पेश करते हुए सीतारमण ने कहा, ‘इस योजना में विवादित कर के मामलों में समाधान के सभी विकल्प उपलब्ध कराए जाएंगे। इससे लोगों को खासा फायदा होगा, क्योंकि मामलों के निस्तारण में उनका खासा समय और पैसा लगता है।’ उन्होंने कहा कि सरकार ने मुकदमेबाजी कम करने के लिए कई उपाय किए हैं और अप्रत्यक्ष कर विवादों के लिए भी ऐसी ही एक योजना का एलान किया गया था। 
विज्ञापन


प्रस्तावित योजना के अंतर्गत विवादों के निबटारे के इच्छुक करदाता अगर इस साल 31 मार्च तक कर की पूरी धनराशि का भुगतान करते हैं तो उन्हें ब्याज और जुर्माने से पूरी छूट दी जाएगी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


अगली स्लाइड में जानते हैं आप कैसे छह स्टेप्स में इसका फायदा उठा सकते हैं। 

 

Vivad Se Vishwas Yojna Government Scheme will save time and money says Nirmala Sitharaman
निर्मला सीतारमण

छह स्टेप्स में पूरा होगा काम   

  • करदाता विवाद से विश्वास डेक्लेरेशन फॉर्म में सभी जरूरी जानकारियां भरकर फोरम में जमा कराएं।
  • आयकर विभाग की ओर से 15 दिनों के भीतर प्रमाण पत्र जारी हो जाएगा जिसमें योजना के तहत कुल देय राशि का खुलासा होगा।
  • करदाता को प्रमाण पत्र मिलने के 15 दिनों के भीतर उसमें बताई राशि जमा करानी होगी। 
  • इसकी जानकारी एक तय फॉर्म में भरकर वापस आयकर विभाग के साथ साझा करनी होगी। 
  • इसके बाद करदाता को भुगतान किए जाने से संबंधित एक आदेश जारी कर दिया जाएगा। 
  • यह आदेश पूरी तरह निर्णात्मक होगा और इसे देश या विदेश की किसी भी अदालत में चुनौती नहीं दी जा सकेगी।

4.78 लाख आयकर अपील लंबित

सरकार ने लोकसभा में कहा कि वित्त वर्ष 2018-19 के अंत तक न्यायिक प्रणाली में विभिन्न स्तरों पर आयकर से जुड़ी लगभग 4.78 लाख याचिकाएं लंबित हैं। एक प्रश्न के लिखित जवाब में वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि 2014-15 में आयकर से जुड़ी लगभग 3.75 लाख अपील लंबित थीं, जिनकी संख्या 2018-19 तक बढ़कर 4.78 लाख तक पहुंच गईं।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed