बजट 2020: सार्वजनिक क्षेत्र की बीमा कंपनियों में पूंजी डालने की हो सकती है घोषणा
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वित्त वर्ष 2020-21 के लिए आम बजट एक फरवरी 2020 को पेश होगा। वहीं आर्थिक सर्वे 31 जनवरी को आएगा। इस बजट से लोगों को काफी उम्मीदें हैं। यह सीतारमण का दूसरा बजट होगा। बजट के दौरान वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण सार्वजनिक क्षेत्र की साधारण बीमा कंपनियों के लिए दूसरे दौर की पूंजी डालने की घोषणा कर सकती हैं।
दिसंबर में की थी ये घोषणा
कंपनियों की वित्तीय सेहत सुधारने के लिए सरकार यह कदम उठा सकती है और बजट में इसके लिए घोषणा कर सकती हैं। बता दें कि सरकार ने पिछले महीने यानी दिसंबर में 2019-20 के लिए पहली अनुदान के लिए अनुपूरक मांग में नेशनल इंश्योरेंस, ओरिएंटल इंश्योरेंस और यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस में 2,500 करोड़ रुपये डालने की घोषणा की थी।
10,000-20,000 रुपये की अतिरिक्त जरूरत
इस संदर्भ में सूत्रों ने कहा कि इन तीन कंपनियों को तय 'सॉल्वेंसी मार्जिन' के लिए 10,000 से 12,000 करोड़ रुपये की अतिरिक्त जरूरत पड़ेगी। सूत्रों के अनुसार एक फरवरी 2020 को पेश होने वाले बजट में यह घोषणा की जा सकती है।
होंगे ये दो फायदे
अगर सरकार इन कंपनियों में पूंजी डालने का एलान करती है, तो इससे इन कंपनियों की वित्तीय सेहत सुधरेगी। इतना ही नहीं, एलान के बाद इन कंपनियों के विलय का रास्ता भी खुल सकेगा।
विलय के बाद बनने वाली कंपनी होगी सबसे बड़ी
अनुमान के मुताबिक विलय के बाद बनने वाली कंपनी देश की सबसे बड़ी साधारण बीमा कंपनी होगी। इसका मूल्य 1.2 से 1.5 लाख करोड़ रुपये हो सकता है। 31 मार्च, 2017 तक तीनों कंपनियों के कुल बीमा उत्पाद 200 से अधिक थे और और बाजार हिस्सेदारी 35 फीसदी थी।
अरुण जेटली ने की थी घोषणा
पूर्व वित्त मंत्री अरुण जेटली ने 2018-19 में यह घोषणा की थी कि इन तीनों कंपनियों का एक इकाई के रूप में विलय किया जाएगा। लेकिन इन कंपनियों का विलय कई कारणों के चलते जैसे खराब वित्तीय सेहत की वजह से नहीं हो पाया था।