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महंगाई से कड़वी हो सकती है चीनी की मिठास, 64 फीसदी मिलों में नहीं शुरू हुआ है उत्पादन

Thu, 21 Nov 2019 09:39 AM IST
paliwal पालीवाल बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला Published by: paliwal पालीवाल Updated Thu, 21 Nov 2019 09:39 AM IST
सार

  • एस्मा ने कहा, अभी तक महज 100 मिलों में ही शुरू हुई है पेराई
  • पिछले साल 310 मिलो ने शुरू कर दिया था काम
  • 4.85 लाख टन चीनी का उत्पादन हुआ है अभी तक देशभर की मिलों में 

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sugar may become costly this season as production yet not started in 64 percent mills
- फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पिछले साल चीनी उत्पादन में रिकॉर्ड बनाने वाली भारतीय चीनी मिलें इस साल काफी पीछे हैं। गन्ने की कमी की वजह से नवंबर के पहले पखवाड़े तक देशभर में सिर्फ 100 चीनी मिलों ने ही पेराई शुरू की है, जबकि पिछले साल की समान अवधि में 310 चीनी मिलों ने उत्पादन शुरू कर दिया था। 
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इंडियन शुगर मिल्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (इस्मा) के मुताबिक, महाराष्ट्र में सूखे और बाढ़ के कारण गन्ने की फसल की भारी नुकसान हुआ है। इस कारण अभी तक चीनी मिलों में पेराई शुरू ही नहीं हुई है। इस्मा का कहना है कि 1 अक्तूूबर 2019 से शुरू हुए पेराई सत्र में 15 नवंबर तक 4.85 लाख टन चीनी का ही उत्पादन हुआ है, जबकि पिछले साल इस समय तक 13.38 लाख टन चीनी का उत्पादन हो चुका था। इससे पहले इस्मा ने अनुमान जताया था कि 2019-20 में चीनी का उत्पादन 21.5 फीसदी घटकर 2.6 करोड़ टन रह सकता है। 1 अक्तूबर तक बाजार में 1.45 करोड़ टन चीनी का ओपन स्टॉक था।
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महाराष्ट्र में एक भी मिल शुरू नहीं

पिछले साल सूखे और इस साल बारिश की वजह से फसल प्रभावित होने से महाराष्ट्र में चालू पेराई सीजन के दौरान अभी तक एक भी चीनी मिल ने काम शुरू नहीं किया है। पिछले साल इस समय तक वहां 149 चीनी मिलों में पेराई शुरू हो गई थी। इस्मा का कहना है कि महाराष्ट्र की चीनी मिलों में 22 नवंबर से पेराई शुरू होने की उम्मीद है। इसके अलावा कर्नाटक में 18 चीनी मिलें शुरू हुई हैं, जो पिछले साल 53 थीं। इसके अलावा गुजरात में तीन और तमिलनाडु में पांच मिलों ने पेराई शुरू की है तथा इन राज्यों में चालू पेराई सीजन में 15 नवंबर तक 49000 टन चीनी का उत्पादन हुआ है।
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यूपी में ज्यादा रहा चीनी उत्पादन

इस लिहाज से उत्तर प्रदेश की हालत बेहतर है। यूपी में चालू पेराई सीजन में अभी तक 69 चीनी मिलों में पेराई शुरू हुई है जो पिछले साल के बराबर है। यूपी ने 2.93 लाख टन चीनी का उत्पादन किया है, जो पिछले साल के 1.76 लाख टन से काफी ज्यादा है। इसके अलावा उत्तराखंड में दो चीनी मिलों में पेराई शुरू हुई है, जबकि बिहार में दो और हरियाणा में एक चीनी मिल अभी तक शुरू हुई है। देश की मौजूदा सालाना चीनी खपत 260 लाख टन है। 

निर्यात में आ रही तेजी

इस्मा के मुताबिक, अभी तक 2 लाख टन चीनी का निर्यात किया जा चुका है। चीनी मिलों से जुड़े सूत्रों की मानें तो और 12 लाख टन चीनी के निर्यात का करार हो चुका है। चीनी निर्यात में इजाफा होने से मिलों को अपने बकाया भुगतान में आसानी होगी। 
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