फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   Keep these things in mind while filing ITR you will not receive any notice and fined

ITR Filing: आईटीआर भरते समय इन बातों का रखें ध्यान, नहीं आएगा नोटिस और न लगेगा जुर्माना

Mon, 28 Jul 2025 05:12 AM IST
कालीचरण Published by: दीपक कुमार शर्मा Updated Mon, 28 Jul 2025 05:12 AM IST
सार

आकलन वर्ष 2025-26 के लिए रिटर्न भरने की अंतिम तिथि 15 सितंबर, 2025 है। आयकर विभाग आईटीआर फॉर्म-1, 2, 3 और 4 के लिए एक्सेल यूटिलिटी जारी कर चुका है। आयकर नोटिस या जुर्माने से बचने के लिए रिटर्न भरते समय किसी भी तरह की लापरवाही और गलतियों से बचें। रिपोर्ट-

विज्ञापन
Keep these things in mind while filing ITR you will not receive any notice and fined
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : ANI

विस्तार

आयकर विभाग ने रिटर्न भरने के लिए कई फॉर्म जारी किए हैं। हर फॉर्म खास तरह की कमाई करने वाले और करदाताओं के लिए बनाया गया है। आपने शेयर बेचकर 1.25 लाख रुपये से ज्यादा का लॉन्ग टर्म कैपिटल गेंस अर्जित किया है या विदेशी बैंक में खाता है, तो आपको रिटर्न भरने के लिए आईटीआर फॉर्म-1 की जगह आईटीआर-2 फॉर्म चुनना होगा। गलत फॉर्म के चयन से आपका रिटर्न डिफेक्टिव माना जा सकता है। 

विज्ञापन


कमाई का हर सोर्स बताएं
आयकर रिटर्न (आईटीआर) भरते समय अपनी कमाई के हर स्रोत की जानकारी दें। चाहे वह टैक्सेबल हो या नहीं। जैसे, बचत खाते और फिक्स्ड डिपॉजिट पर मिलने वाला ब्याज, किराये से कमाई या शेयर बाजार में डिविडेंड इनकम। कमाई चाहे छोटी हो या बड़ी, सबकी जानकारी जरूर दें। अगर आप कोई आय छुपाते हैं और जांच में आयकर विभाग को पता चल गया तो, नोटिस के साथ जुर्माना लगाया जा सकता है।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: TCS layoffs: टीसीएस में बड़े स्तर पर छंटनी की तैयारी, 12000 से ज्यादा कर्मचारियों की जाएगी नौकरी
विज्ञापन
विज्ञापन


फॉर्म-26एएस और एआईएस की जांच करें
रिटर्न भरने से पहले फॉर्म-26एएस और एनुअल इन्फॉर्मेशन स्टेटमेंट (एआईएस) की जांच जरूर करें। इनमें आपकी आय, टीडीएस और बड़े लेनदेन की जानकारी होती है। अगर इनमें कोई गड़बड़ी है, जैसे बैंक की ओर से काटा गया टीडीएस गलत दिख रहा हो, तो उसे ठीक कराएं। इन दस्तावेजों का मिलान फॉर्म-16, बैंक स्टेटमेंट और अन्य रिकॉर्ड से करें। जानकारी में अंतर होने पर आयकर विभाग से नोटिस आ सकता है।

बिना सबूत कोई भी छूट लेने से बचें
करदाता कई बार बिना सबूत के धारा-80सी, 80डी या अन्य छूट का दावा कर लेते हैं। बच्चों की स्कूल फीस, बीमा प्रीमियम या मेडिकल इंश्योरेंस के लिए छूट तभी लिया जा सकता है, जब आपके पास इनसे संबंधित वैध दस्तावेज हों। आयकर विभाग अब एआईएस और एआई टूल्स की मदद से इन गड़बडि़यों को आसानी से पकड़ लेता है। 


ये भी पढ़ें: FTA: भारत-ब्रिटेन व्यापार समझौते पर जागरूक करेगी सरकार, 20 दिनों में 1,000 बैठकें, कार्यशालाएं आयोजित करेगी

नौकरी बदलने पर आय से जुड़ी जानकारी न छुपाएं
अगर आपने एक वित्त वर्ष में नौकरी बदली है, तो दोनों नियोक्ताओं से मिली आय को आईटीआर में दिखाना जरूरी है। दोनों नियोक्ताओं से मिले फॉर्म-16 को ध्यान से देखें और सुनिश्चित करें कि कोई आय छूट न जाए। करदाता कई बार पुराने नियोक्ता की आय या टीडीएस से जुड़ी जानकारी छोड़ देते हैं, जो गलत है। एआईएस में आपकी सारी आय की जानकारी होती है, इसलिए इसे छिपाने की कोशिश न करें। ऐसा करने पर आपको नोटिस मिल सकता है। 

30 दिनों में जरूर सत्यापित करें रिटर्न

रिटर्न भरने के बाद उसे 30 दिनों के अंदर सत्यापित करना आवश्यक है। यह सत्यापन आधार ओटीपी या नेट बैंकिंग या डाक से भेजकर किया जा सकता है। अगर आप निर्धारित समय में सत्यापित नहीं करते, तो रिटर्न को अमान्य माना जाता है। करदाता आईटीआर दाखिल करने के बाद कई बार सत्यापित करना भूल जाते हैं, जिससे उनकी रिटर्न प्रक्रिया अधूरी रह जाती है और जुर्माना लग सकता है। -जनार्दन केसरी, टैक्स सलाहकार

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed