बदलेगी भारतीय रेलः नई होगी समय सारिणी, नए रंगरूप में होंगे डिब्बे
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भारतीय रेल की तस्वीर बदलने वाली है। रेल मंत्रालय यात्रियों की सुविधा के लिए नई-नई योजनाओं पर काम कर रहा है। अब नई सुविधाओं के तौर पर जहां समय-सारिणी में बड़ा बदलाव होने जा रहा है, वहीं डिब्बों का रंगरूप में नजर आएंगे।
ट्रेनें होंगी कम लेट
रेल मंत्रालय ट्रेनों के बेहताशा लेट चलने से यात्रियों को हो रही परेशानी को दूर करने पर काम कर रहा है। इससे ट्रेनों के लिए जल्द ही नई समय सारिणी बनाने पर काम शुरू हो गया है। रेलवे अब जीरो बेस टाइम टेबल को लागू करने की प्लानिंग में है। प्लान के अनुसार रेलवे पूरे देश में ट्रेनों को चलाने को लेकर के उनको तीन कैटेगिरी में बांटने जा रहा है।
सबसे पहले चलेंगी प्रीमियम ट्रेनें
प्लान के अनुसार, रेलवे देश भर के अपने सभी जोन में सबसे पहले प्रीमियम ट्रेनों चलाएगा। इन ट्रेन में राजधानी, शताब्दी व दूरंतों शामिल हैं। यह ट्रेन जब चलाई जाती हैं, तो फिर बाकी अन्य ट्रेनों को रास्ते में ही रोक दिया जाता है। प्रीमियम ट्रेनों के पीछे मेल-एक्सप्रेस दूसरे स्लॉट (110 किलोमीटर) और पैसेंजर ट्रेनें तीसरे स्लॉट (90-100 किलोमीटर प्रतिघंटा) में चलाई जाएंगी।
नीले रंग के डिब्बे बनेंगे इतिहास
आमतौर पर ट्रेन में लगे सभी डिब्बों का रंग नीला होता है। अब इसमें भी बदलाव किया जा रहा है। रेलवे प्रत्येक डिब्बे को पीले और भूरे रंग से रंगेगा। इसके अलावा प्रत्येक कोच में अब सीट के पास मोबाइल व लैपटॉप चार्जिंग की सुविधा मिलेगी। डिब्बे के शौचालय भी बायो शौचालय बनेंगे, जिससे स्टेशनों पर गंदगी नहीं होगी।
आती है तकनीकी अड़चने
अधिकारियों का तर्क है कि तेज गति की ट्रेनों के आगे कम रफ्तार वाली मेल-एक्सप्रेस ट्रेन चलाने से उनको ओवरटेक करने में तकनीकी अड़चने आती हैं। मेल-एक्सप्रेस को स्टेशन आने पर लूप लाइन में खड़ी कर प्रीमियम ट्रेनें आगे भेजी जाती हैं।
5 मिनट में बदलेगा स्टाफ
वहीं सभी ट्रेनों में चल रहे रनिंग स्टॉफ जैसे कि गार्ड, ड्राइवर, टीटी आदि को बदलने के लिए गाड़ी केवल 5 मिनट ही रुकेगी। पहले इसके लिए ट्रेन को 20 से 30 मिनट का ठहराव दिया जाता था। इससे भी गाड़ियां कम लेट होंगी, जिसका फायदा यात्रियों को मिलेगा। वहीं अगर ट्रेन का इंजन बदलना पड़े, तो उसके लिए 10 मिनट का ठहराव दिया जाएगा।