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सिंगापुर में डाटा सेंटर खोलने पर रोक: विदेशी कंपनियां कर रही हैं भारतीय शहरों का रुख, नोएडा में हब बनाने की तैयारी

Tue, 26 Oct 2021 06:18 AM IST
देव कश्यप एजेंसी, सिंगापुर।
एजेंसी, सिंगापुर। Published by: देव कश्यप Updated Tue, 26 Oct 2021 06:18 AM IST
सार

दक्षिण-पूर्व एशिया में सिंगापुर डाटा सेंटरों के लिए अग्रणी देश है। यहां के 60 फीसदी से अधिक डाटा सेंटर इस छोटे द्वीप पर स्थित है। इसके लिए कई कारण हैं। लेकिन, सिंगापुर के इस फैसले से विदेशी कंपनियां अब भारत की ओर आकर्षित हो रही हैं।

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India benefits from ban on expansion of data center in Singapore
डाटा प्रोटेक्शन (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : Pixabay

विस्तार

सिंगापुर ने भारी बिजली खपत और पर्यावरण के नुकसान को देखते हुए नए डाटा सेंटर खोलने पर रोक लगा दी है। इससे विदेशी कंपनियां डाटा सेंटर खोलने के लिए भारतीय शहरों का रुख कर रही हैं। नोएडा में डाटा सेंटर हब बनाने की तैयारी है।

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दक्षिण-पूर्व एशिया में सिंगापुर डाटा सेंटरों के लिए अग्रणी देश है। यहां के 60 फीसदी से अधिक डाटा सेंटर इस छोटे द्वीप पर स्थित है। इसके लिए कई कारण हैं। लेकिन, सिंगापुर के इस फैसले से विदेशी कंपनियां अब भारत की ओर आकर्षित हो रही हैं। कई विदेशी कंपनियां डाटा सेंटर खोलने की घोषणा भी कर चुकी हैं। इस साल मार्च में सिंगापुर के प्रिंसटन डिजिटल समूह (पीडीजी) ने डाटा सेंटर खोलने की घोषणा की थी। 48 मेगावॉट क्षमता वाला यह सेंटर 2022 में बन जाएगा।
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जुलाई में सिंगापुर के सबसे बड़े निजी संपत्ति डेवलपर कैपिटालैंड ने भारत में अपना पहला डाटा सेंटर खोलने की घोषणा की। इस पर करीब 16 करोड़ डॉलर का खर्च आएगा। माइक्रोसॉफ्ट, एनटीटी और सिंगापुर की एसटी टेलीमीडिया जैसी वैश्विक कंपनियां नोएडा में भी अपना डाटा सेंटर बना रही हैं। एजेंसी
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सिंगापुर ने इसलिए लगाई रोक
सिंगापुर में डाटा सेंटर का तेजी से विस्तार हुआ है और इस समय यहां 60 डाटा सेंटर हैं। यहां पांच वर्षों में 2020 तक 768 मेगावॉट के कुल 14 डाटा सेंटर खोलने की मंजूरी दी गई है।

  • अपने भारी सर्वर, उपकरण और कूलिंग सिस्टम की वजह से डाटा सेंटरों में बिजली की भारी खपत होती है।
  • सिंगापुर के व्यापार एवं उद्योग मंत्रालय (एमटीआई) के मुताबिक, 2020 में कुल बिजली खपत में सात फीसदी हिस्सेदारी डाटा सेंटरों की थी। यह पर्यावरण के लिए भी खतरनाक है।
  • इसलिए पर्यावरण में संतुलन बनाए रखने के लिए एमटीआई ने 2021 अंत तक नए डाटा सेंटर खोलने पर रोक लगा दी।


तमिलनाडु मौका लपकने को पूरी तरह तैयार

  • सिंगापुर में डाटा सेंटर खोलने पर रोक का लाभ उठाने के लिए तमिलनाडु 14.8 टेराबाइट प्रति सेकेंड की बैंडविड्थ वाली छह सबमरीन केबल के साथ तैयार है।
  • जापान की एनटीटी, सिंगापुर की पीडीजी, एसटी टेलीमीडिया चेन्नई में डाटा सेंटर बनाने का काम जल्द शुरू करने वाले हैं।
  • इंटरनेट डाटा सेंटर का वैश्विक बाजार 13.4 फीसदी दर से बढ़ रहा है। 2020 में यह 59.3 अरब डॉलर का था, जो 2027 में 143.4 अरब डॉलर का होगा।


सोशल मीडिया की लोकप्रियता में डाटा सेवाओं की अहम भूमिका

  • 05 वर्षों में काफी तेज रही यूट्यूब की रफ्तार वीडियो अपलोड में
  • 80,000 घंटे वीडियो अपलोड होते थे एक दिन में यूट्यूब पर पांच साल पहले
  • 7.20 लाख वीडियो अपलोड होते हैं अब, जो पहले से करीब पांच गुना ज्यादा हैं
  • डाटा सेवाओं में तेजी की वजह से यूट्यूब पर हर दिन एक अरब घंटे वीडियो देखे जाते हैं
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