चार साल में मोदी की विदेश यात्रा पर खर्च हुआ 387 करोड़, मनमोहन की 31 यात्राओं में खर्च थोड़ा सा कम
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विपक्ष द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश यात्राओं पर होने वाला खर्च हमेशा से ही निशाने पर रहा है। हालांकि पिछले चार सालों में मोदी ने अपने पूर्ववर्ती मनमोहन सिंह से ज्यादा दिन विदेश में बिताये हैं, लेकिन खर्चा थोड़ा सा ही ज्यादा हुआ है।
एयर इंडिया को मिले 387 करोड़ रुपये
हालांकि दोनों प्रधानमंत्रियों के द्वारा की गई विदेश यात्रा पर खर्च की तुलना करें तो फिर इसके लिए एयर इंडिया ने क्रमशः 387.24 करोड़ और 386.35 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। मोदी और मनमोहन ने अपने चार साल के कार्यकाल में कुल 31 बार विदेश का दौरा एयर इंडिया के विमान से किया है।
हालांकि मोदी ने 5 बार भारतीय वायुसेना के बीबीजे एयरक्राफ्ट से पड़ोसी देशों की यात्रा की है, जिसके लिए किसी तरह का कोई पैसा सरकार की तरफ से वायुसेना को दिया गया है। मोदी अभी तक कुल 43 बार विदेश यात्रा कर चुके हैं। वहीं मनमोहन ने यूपीए-2 के कार्यकाल में कुल 38 बार विदेश यात्राएं की थी।
विदेश में बिताए इतने दिन
अगर दिनों की बात करें तो मोदी अपने पूर्ववर्ती मनमोहन से काफी आगे हैं। पहले चार साल के कार्यकाल में प्रधानमंत्री ने कुल 155 दिन विदेश में बिताये थे। वहीं अभी तक वो 182 दिन देश से बाहर गए हैं। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने पहले चार सालों में 131 दिन विदेश दौरे पर रहे। वहीं यूपीए-2 के पूरे पांच साल के कार्यकाल में वो करीब 161 दिन देश से बाहर रहे थे।
हर साल रखरखाव पर खर्च होता है 220 करोड़ रुपये
एयर इंडिया को हर साल सरकार से वीवीआईपी विमान का रखरखाव और हॉटलाइन की सुविधा देने के लिए हर साल 220 करोड़ रुपये मिलते हैं। यह नियम यूपीए के शासनकाल में लागू हुआ था।