फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   former RBI Governor said that Reserve Bank Of India alone cannot contain inflation

अकेले मुद्रास्फीति नियंत्रित नहीं कर सकता RBI: पूर्व गवर्नर सी रंगराजन

Sun, 23 Feb 2020 03:19 PM IST
‌डिंपल अलवधी पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली Published by: ‌डिंपल अलवधी Updated Sun, 23 Feb 2020 03:19 PM IST
सार

भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के पूर्व गवर्नर सी रंगराजन ने रविवार को बयान जारी किया और कहा है कि आरबीआई अकेले मुद्रास्फीति को नियंत्रित नहीं कर सकता। ऐसा इसलिए क्योंकि आपूर्ति मामलों को सरकार द्वारा प्रबंधित करने की जरूरत है।

विज्ञापन
former RBI Governor said that Reserve Bank Of India alone cannot contain inflation
पूर्व गवर्नर सी रंगराजन

विस्तार

रंगराजन ने 'नई मौद्रिक नीति रूपरेखा - इसका मतलब' शीर्षक से जारी एक पत्र में भारतीय रिजर्व बैंक की मुद्रास्फीति को काबू में रखने की सीमाओं के बारे में चर्चा की। रंगराजन ने कहा कि, 'मुद्रास्फीति का जो लक्ष्य दिया गया है, उसका दायरा होना चाहिए। साथ ही उसके समायोजन को लेकर समय सीमा होनी चाहिए और यह बहुत अल्प अवधि का नहीं होना चाहिए।'

विज्ञापन


साथ ही रंगराजन ने कहा कि, 'इन सबके बावजूद मौद्रिक नीति को उन बातों पर ध्यान दिए बिना काम करना चाहिए जो मुद्रास्फीति को बढ़ावा देने वाले हों। स्पष्ट तौर पर आपूर्ति संबंधी मसले में आपूर्ति प्रबंधन की जरूरत होती है और यह सरकार की जिम्मेदारी होनी चाहिए।' देश में मुद्रास्फीति लक्ष्य का जो विचार अपनाया गया है, उससे कई संदेह और चिंताएं बढ़ी हैं।

विज्ञापन

मुद्रास्फीति चार फीसदी पर बनाए रखने की आवश्यकता

नई मौद्रिक नीति रूपरेखा के तहत रिर्जव बैंक को उपभोक्ता मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति दो फीसदी घट-बढ़ के साथ चार फीसदी के स्तर पर बनाए रखने की आवश्यकता है।

विज्ञापन
विज्ञापन

दूसरे लक्ष्यों को नहीं करना चाहिए नजरअंदाज 

आगे रंगराजन ने कहा कि, 'इस प्रकार एक तरह से यह लचीला लक्ष्य है। आरबीआई कानून में संशोधन कर मौद्रिक नीति समिति के गठन की व्यवस्था की गई जो मुद्रास्फीति लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए नीतिगत दर का निर्धारण करेगी।' मुद्रास्फीति को लक्ष्य के अनुसार रखने पर ध्यान देने का मबतल यह नहीं है कि वृद्धि और वित्तीय स्थिरता जैसे दूसरे लक्ष्यों को नजरअंदाज कर दिया जाए।

साल 2016 में किया था मौद्रिक नीति समिति का गठन 

बता दें कि सरकार ने साल 2016 में नीतिगत निर्धारित करने के लिए मौद्रिक नीति समिति का गठन किया था। रिजर्व बैंक के गवर्नर की अध्यक्षता वाली छह सदस्यीय समिति मतदान के आधार पर निर्णय करती है।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed