फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   First payment in rupees for crude oil purchased from UAE preparation to globalize domestic currency

UAE: यूएई से खरीदे कच्चे तेल के लिए रुपये में पहला भुगतान, घरेलू मुद्रा को वैश्विक बनाने की तैयारी

Tue, 26 Dec 2023 06:06 AM IST
यशोधन शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: यशोधन शर्मा Updated Tue, 26 Dec 2023 06:06 AM IST
सार

भारत ने इस दिशा में जुलाई में यूएई के साथ रुपये में भुगतान के लिए एक समझौते पर हस्ताक्षर किया था। इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन ने अबू धाबी नेशनल ऑयल कंपनी (एडीएनओसी) से 10 लाख बैरल कच्चे तेल की खरीद का भुगतान भारतीय रुपये में किया है।

विज्ञापन
First payment in rupees for crude oil purchased from UAE preparation to globalize domestic currency
Crude oil - फोटो : Social Media

विस्तार

भारत ने संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) से खरीदे गए कच्चे तेल के लिए रुपये में पहला भुगतान किया है। साथ ही, भारत ने अपनी मुद्रा को वैश्विक स्तर पर ले जाने की दिशा में कदम बढ़ा दिया है। अधिकारियों ने कहा, भारत अन्य तेल आपूर्तिकर्ता देशों के साथ भी इसी तरह रुपये में क्रूड खरीदने की कोशिश में लगा है लेकिन, इसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लागू करना एक प्रक्रिया है और इसके लिए कोई लक्ष्य नहीं रखा गया है।
विज्ञापन


भारत ने इस दिशा में जुलाई में यूएई के साथ रुपये में भुगतान के लिए एक समझौते पर हस्ताक्षर किया था। इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन ने अबू धाबी नेशनल ऑयल कंपनी (एडीएनओसी) से 10 लाख बैरल कच्चे तेल की खरीद का भुगतान भारतीय रुपये में किया है। इसके अलावा, रूस से खरीदे गए कच्चे तेल के कुछ हिस्से का भी भुगतान रुपये में किया गया है। 
विज्ञापन


व्यवस्था पिछले साल से शुरू
भारत कच्चे तेल की 85 फीसदी से अधिक जरूरतें आयात के जरिये पूरा करता है। इसके लिए उसे बड़े पैमाने पर डॉलर में भुगतान करना होता है। लेकिन, भारत ने पिछले साल से तेल की खरीद का भुगतान डॉलर के बजाय रुपये में करने की व्यवस्था शुरू की है। इस दिशा में आरबीआई ने भी जरूरी कदम उठाए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


रकम छोटी तो समस्या नहीं
एक अधिकारी ने कहा, हमें इस बात का ध्यान रखना होगा कि तेल खरीद का भुगतान रुपये में करने से लागत न बढ़े। साथ ही, इसका व्यापार पर किसी भी तरह से नुकसान न पड़े। उन्होंने कहा, जहां रकम अधिक नहीं है, वहां रुपये में भुगतान में ज्यादा समस्या नहीं होती है। लेकिन, जब कच्चे तेल का हर जहाज लाखों डॉलर की कीमत का हो तो समस्याएं होती हैं। भारत व्यापक राष्ट्रीय हित को ध्यान में रखते हुए स्थिति से निपट रहा है।


जीडीपी पर वैश्विक झटकों का कम होगा असर
अधिकारी ने कहा, रुपये के अंतरराष्ट्रीयकरण से डॉलर की मांग कम करने में मदद मिलेगी। भारतीय अर्थव्यवस्था पर वैश्विक मौद्रिक झटकों का कम असर होगा। पिछले सप्ताह संसद में पेश संसदीय समिति की एक रिपोर्ट में कहा गया कि भारतीय रुपये में कच्चे तेल का भुगतान लेने की दिशा में प्रगति अच्छी नहीं है। इस पर अधिकारियों ने यह माना कि 2022-23 में हालात ऐसे ही रहे हैं, लेकिन इस साल तेल का कुछ कारोबार रुपये में हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed