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मई के पहले सप्ताह में 26.24 अरब यूनिट रही बिजली खपत, 25 फीसदी का इजाफा
Sun, 09 May 2021 01:46 PM IST
डिंपल अलावाधी
पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली
Published by: डिंपल अलावाधी
Updated Sun, 09 May 2021 01:46 PM IST
सार
मई के पहले सप्ताह में सालाना आधार पर बिजली खपत 25 फीसदी बढ़कर 26.24 अरब यूनिट रही। बिजली मंत्रालय के आंकड़े के अनुसार मई 2020 के पहले सप्ताह में बिजली खपत 21.05 अरब यूनिट थी।
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बिजली खपत
- फोटो : पिक्साबे
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विस्तार
देश में मई के पहले सप्ताह में सालाना आधार पर बिजली खपत 25 फीसदी बढ़कर 26.24 अरब यूनिट रही। यह बिजली की औद्योगिक और वाणिज्यिक मांग में निरंतर सुधार को बताता है। बिजली मंत्रालय के आंकड़े के अनुसार मई 2020 के पहले सप्ताह में बिजली खपत 21.05 अरब यूनिट थी। पिछले साल मई में पूरे माह के दौरान बिजली खपत 102.08 अरब यूनिट थी।
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बिजली की अधिकतम मांग (अधिकतम आपूर्ति) इस साल माह के पहले सप्ताह में (दो मई को छोड़कर) मई 2020 में 1,66,220 मेगावॉट के अधिकतम रिकॉर्ड से अधिक रही। दो मई को अधिकतम मांग 1,61,140 मेगावॉट रही थी।
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छह मई को 1,68,780 मेगावॉट पर पहुंची मांग
आंकड़ों के अनुसार बिजली की अधिकतम मांग छह मई 2021 को 1,68,780 मेगावॉट पहुंच गई। यह पिछले साल सात मई को सर्वाधिक 1,38,600 मेगावॉट की अधिकतम मांग के मुकाबले करीब 22 फीसदी अधिक है।
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अप्रैल में 41 फीसदी बढ़ी थी मांग
बिजली की खपत अप्रैल महीने में 41 फीसदी बढ़कर 1,19,270 मेगावॉट रही थी। अप्रैल 2020 में बिजली की खपत घटकर 84,550 मेगावॉट रही थी। इसक कारण कोरोना वायरस महामारी की रोकथाम के लिए पिछले साल मार्च के अंतिम सप्ताह से लगाया गया 'लॉकडाउन' था।
बिजली खपत को पटरी से उतार सकता है लॉकडाउन
विशेषज्ञों का कहना है कि मई में बिजली खपत के साथ-साथ मांग में वृद्धि का कारण मुख्य रूप से तुलनात्मक आधार पर कमजोर होना है। लेकिन आंकड़े से पता चलता है कि कोविड-19 महामारी की दूसरी लहर और उसे काबू में लाने के लिए विभिन्न राज्यों में लगाए गए 'लॉकडाउन' और अन्य पाबंदियों के बावजूद मांग और खपत में वृद्धि पुनरूद्धार को बताता है। उनका यह भी कहना है कि स्थानीय स्तर पर 'लॉकडाउन' वाणिज्यक और औद्योगिक बिजली खपत में जो पुनरूद्धार है, उसे पटरी से उतार सकता है।