Haldiram Merger: हल्दीराम के अलग-अलग कारोबार का होगा विलय, जानें क्या है कंपनी का प्लान?
Haldiram Merger: मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि दिल्ली और नागपुर में हल्दीराम ब्रांड नेम का इस्तेमाल कर अलग-अलग कारोबार चलाने वाले तीन भाइयों ने अपने स्नैक्स बिजनेस के कारोबार संचालन को मर्ज करने का फैसला लिया है।
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शुक्रवार को एक रिपोर्ट में कहा गया है कि बीकाजी को शेयर बाजार में अच्छी शुरुआत मिलने के बाद एक और स्नैक्स ब्रांड इक्विटी मार्केट में दस्तक देने की तैयारी में जुट गया है।
मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि दिल्ली और नागपुर में हल्दीराम ब्रांड नेम का इस्तेमाल कर अलग-अलग कारोबार चलाने वाले तीन भाइयों ने अपने स्नैक्स बिजनेस के कारोबार संचालन को मर्ज करने का फैसला लिया है। इस विलय का लक्ष्य एकीकृत और मजबूत हल्दीराम ब्रांड नेम बनाना है।
इस कवायद की जानकारी रखने वाले लोगों के अनुसार, यह विलय अगले 18 महीनों में शेयर बााजर में प्रारंभिक सार्वजनिक पेशकश (आईपीओ) लाने की योजना का हिस्सा है।
हल्दीराम की शुरुआत 1930 के दशक में शुरू हुई जब गंगाबिशन अग्रवाल ने अपनी स्नैक्स कंपनी की स्थापना की थी। छह दशक बाद उनके पोते शिव रतन अग्रवाल 1993 में बीकाजी नामक अपना ब्रांड शुरू करने के लिए अलग हुए।
बीकाजी राजस्थान, असम और बिहार के अपने प्रमुख बाजारों में अलग पहचान बनाते हुए मार्केट लीडर के रूप में उभरा है।