Business Updates: एयर इंडिया के पूर्व सीएमडी, आईबीएम और एसएपी के खिलाफ चार्जशीट, सीबीआई की कार्रवाई
लगभग छह साल की जांच के बाद सीबीआई ने एयर इंडिया के पूर्व सीएमडी अरविंद जाधव, आईबीएम इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, एसएपी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और छह अन्य के खिलाफ आरोप पत्र दायर किया है। आरोप पत्र में आईपीसी की धारा 120-बी (आपराधिक साजिश) और भ्रष्टाचार रोकथाम अधिनियम के प्रावधानों के तहत आरोप लगाए गए हैं।
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सीबीआई ने एयर इंडिया के पूर्व सीएमडी, एसएपी इंडिया और आईबीएम के खिलाफ रविवार को आरोप पत्र दायर किया। चार्जशीट 2011 में एयर इंडिया के 225 करोड़ रुपये में सॉफ्टवेयर खरीदने के मामले में कथित अनियमितताओं के संबंध में दाखिल किया गया है। बताया गया कि सीबीआई ने केंद्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) की सिफारिश पर मामला दर्ज किया है। सीवीसी की जांच में पता चला था कि सॉफ्टवेयर की खरीद में अनियमितताएं हैं।
बताया गया कि लगभग छह साल की जांच के बाद सीबीआई ने एयर इंडिया के पूर्व सीएमडी अरविंद जाधव, आईबीएम इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, एसएपी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और छह अन्य के खिलाफ आरोप पत्र दायर किया है। आरोप पत्र में आईपीसी की धारा 120-बी (आपराधिक साजिश) और भ्रष्टाचार रोकथाम अधिनियम के प्रावधानों के तहत आरोप लगाए गए हैं।
इससे पहले सीवीसी ने सीबीआई को लिखे पत्र में कहा था कि एयर इंडिया के मुख्य सतर्कता अधिकारी की प्रारंभिक जांच से पता चला है कि कंपनी ने उचित निविदा प्रक्रिया का पालन नहीं किया और एसएपी एजी से एंटरप्राइज रिसोर्स प्लानिंग (ईआरपी) सॉफ्टवेयर प्रणाली खरीदी थी। आरोप यह भी है कि इस मामले में नागरिक विमानन मंत्रालय से कोई मंजूरी नहीं मिली थी।
जी को एनसीएलटी में जाने से रोकने की सोनी की याचिका खारिज
सिंगापुर मध्यस्थता केंद्र (एसआईएसी) ने जी को एनसीएलटी में जाने से रोकने के लिए दायर सोनी समूह की याचिका खारिज कर दी है। जी एंटरटेनमेंट एंटरप्राइजेज लिमिटेड ने रविवार को यह जानकारी दी। दरअसल, जी एंटरटेनमेंट एंटरप्राइजेज लिमिटेड (जील) और जापान के सोनी समूह की भारतीय शाखा के बीच विलय के लिए एक समझौता हुआ था, जिसे सोनी ने देरी और कुछ अन्य कारणों के चलते तोड़ दिया। सोनी ने आरोप लगाया कि जील ने समझौते की शर्तों को पूरा नहीं किया। जील ने इस फैसले के खिलाफ राष्ट्रीय कंपनी कानून न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) में याचिका दायर की है।