फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   14,000 buses remain off roads in Odisha as 'indefinite' strike cripples commuters

Odisha: हड़ताल के कारण ओडिशा की सड़कों से 14000 निजी बसें नदारद, दुर्गा पूजा की छुट्टी से पहले लोग हुए परेशान

Fri, 20 Oct 2023 02:10 PM IST
कुमार विवेक बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: कुमार विवेक Updated Fri, 20 Oct 2023 02:10 PM IST
सार

Odisha: ओडिशा के परिवहन मंत्री टुकुनी साहू ने निजी बस मालिकों से दुर्गा पूजा उत्सव के मद्देनजर हड़ताल खत्म करने की अपील की थी, लेकिन संघ अपनी मांग पर अड़ा रहा और प्रशासन से लिखित आश्वासन मांगा। उन्होंने कहा, 'संघ का फैसला पूरी तरह से एकतरफा है।

विज्ञापन
14,000 buses remain off roads in Odisha as 'indefinite' strike cripples commuters
ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक - फोटो : ANI

विस्तार

ओडिशा में कुछ मार्गों पर चलने को लेकर राज्य सरकार की नीति के विरोध में शीर्ष निजी बस मालिकों के संघ ने शुक्रवार को अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की जिससे राज्य भर में यात्री बस सेवाएं प्रभावित हुईं। अधिकारियों ने बताया कि एसोसिएशन और सरकार के बीच बातचीत में मुद्दे का समाधान नहीं होने के बाद सुबह छह बजे से शुरू हुए आंदोलन के तहत करीब 14000 निजी बसें सड़कों से नदारद रहीं।

विज्ञापन


राज्य से दुर्गा पूजा उत्सव के लिए अपने गृहनगर जाने वाले सैकड़ों यात्रियों को सुबह से ही विभिन्न बस अड्डों और टर्मिनलों पर लंबी कतारों में इंतजार करते देखा गया। एसोसिएशन के महासचिव देबेंद्र साहू ने कहा कि ओडिशा सरकार ने 9 अक्टूबर को एक बैठक के दौरान आश्वासन दिया था कि लोकेशन एक्सेसिबल मल्टीमॉडल इनिशिएटिव (एलएसीएमआई) के तहत बसें ब्लॉकों से जिलों में नहीं चलेंगी, लेकिन "वादा पूरा नहीं किया गया है"।
विज्ञापन


अधिकारियों ने बताया कि ओडिशा के परिवहन मंत्री टुकुनी साहू ने निजी बस मालिकों से दुर्गा पूजा उत्सव के मद्देनजर हड़ताल खत्म करने की अपील की थी, लेकिन संघ अपनी मांग पर अड़ा रहा और प्रशासन से लिखित आश्वासन मांगा। उन्होंने कहा, 'संघ का फैसला पूरी तरह से एकतरफा है। हमने उन्हें 26 अक्टूबर को फिर से चर्चा के लिए बुलाया है। लोगों को परेशान नहीं किया जाना चाहिए, और बस मालिकों को सरकार के साथ सहयोग करना चाहिए। मंत्री ने कहा ने यह भी कहा कि एलएसीएमआई बस सेवाएं जारी रहेंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


वहीं, देबेंद्र साहू ने कहा कि बस मालिकों का दुर्गा पूजा के दौरान यात्रियों को असुविधा पहुंचाने का कोई इरादा नहीं था, लेकिन उन्हें "हड़ताल पर जाने के लिए मजबूर" किया गया। उन्होंने कहा, 'हमें बताया गया था कि एलएसीएमआई बसें केवल पंचायतों से ब्लॉक तक संचालित होंगी, जिला मुख्यालयों के लिए नहीं। इसलिए हमने 10 अक्टूबर को होने वाली अपनी हड़ताल स्थगित कर दी थी। दुर्भाग्य से, ओडिशा सरकार की ओर से संचालित एलएसीएमआई बसें अब भी जिलों में चल रही हैं। उन्होंने गुरुवार को कहा, "प्रशासन ने अपना वादा नहीं निभाया है।"


मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने इस महीने की शुरुआत में एलएसीसीएमआई के तहत सस्ती बस सेवा शुरू की थी, जिसका उद्देश्य सभी ग्राम पंचायतों को जिला मुख्यालय और राज्य की राजधानी से जोड़ना है। साहू ने दावा किया कि नौ अक्टूबर की बैठक के दौरान राज्य सरकार के अधिकारियों ने आश्वासन दिया था कि योजना के तहत बसें ब्लॉक से आगे नहीं चलेंगी। परिवहन विभाग के सूत्रों ने कहा कि ओडिशा का सड़क संचार निजी बस सेवा पर बहुत अधिक निर्भर है, 14000 निजी बसों के मुकाबले केवल 2000 सरकारी बसें चल रही हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed