Viral Post: ट्रैफिक पुलिस ने मांगी रिश्वत तो लड़का करने लगा UPI, डिजिटल रिकॉर्ड के डर से नहीं ली घूस
Viral Post: पुलिसकर्मी ने पहले पूछा कि इतनी रात को कहां से आ रहे हो और क्या काम करते हो। फिर कुछ ही देर में उसने सीधा मुद्दे पर आकर पैसों की मांग शुरू कर दी। पहले तो दोनों युवक बहस करने लगे, लेकिन बाद में उन्होंने रिश्वत देने की बात मान ली।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
भारत में भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कानून हैं, और रिश्वत लेना एक दंडनीय अपराध माना जाता है। सरकार समय-समय पर नए नियमों और निगरानी तंत्र के जरिए इस पर लगाम लगाने की कोशिश करती रही है। लेकिन इसके बावजूद कुछ सरकारी कर्मचारी मौकों का फायदा उठाकर रिश्वत लेने से पीछे नहीं हटते। इसी से जुड़ा एक मामला हाल ही में सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। रेडिट पर साझा किए गए एक पोस्ट में एक यूजर ने अपने साथ हुई एक घटना का जिक्र किया है, जिसमें उसने बताया कि कैसे एक ट्रैफिक पुलिसकर्मी ने रात के समय उससे और उसके दोस्त से रिश्वत मांगी, लेकिन यूपीआई का नाम सामने आते ही पूरा मामला पलट गया।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ पोस्ट
@pranay_086 नामक यूजर ने r/hyderabad पर पोस्ट करते हुए बताया कि वह और उसका दोस्त "फाइनल डेस्टिनेशन" फिल्म देखकर लौट रहे थे। यह घटना हैदराबाद की है, जहां रात करीब 1 बजे दोनों युवक कचीगुडा से कुकटपल्ली की ओर बाइक से जा रहे थे। रास्ते में ट्रैफिक पुलिस ने उन्हें रोका और पूछताछ शुरू कर दी।
पुलिसकर्मी ने मांगी रिश्वत
पुलिसकर्मी ने पहले पूछा कि इतनी रात को कहां से आ रहे हो और क्या काम करते हो। फिर कुछ ही देर में उसने सीधा मुद्दे पर आकर पैसों की मांग शुरू कर दी। पहले तो दोनों युवक बहस करने लगे, लेकिन बाद में उन्होंने रिश्वत देने की बात मान ली। लेकिन जब उन्होंने कहा कि उनके पास नकद नहीं है और वे केवल यूपीआई से भुगतान कर सकते हैं, तो पुलिसकर्मी तुरंत पीछे हट गया।
यूपीआई के चलते बच गए दोनों लड़के
यूपीआई का नाम सुनते ही ट्रैफिक पुलिस वाला रिश्वत लेने से इनकार कर देता है, क्योंकि डिजिटल पेमेंट का पूरा रिकॉर्ड रहता है और इसकी ट्रैकिंग की जा सकती है। इस वजह से रिश्वत लेना जोखिम भरा हो जाता है, और पुलिसकर्मी यह अच्छी तरह समझता है। फिर उसने बिना पैसे लिए दोनों युवकों को जाने दिया। पोस्ट के अंत में यूजर ने लिखा कि डिजिटल पेमेंट न केवल सुविधा देता है, बल्कि यह गलत कामों से भी बचा सकता है। उनका मानना है कि UPI जैसे सिस्टम भ्रष्टाचार पर प्रभावी रोक लगा सकते हैं।
लोगों ने पोस्ट को किया लाइक
यह पोस्ट तेजी से वायरल हो रही है और अब तक इसे 90 से अधिक अपवोट्स और 11 से ज्यादा कमेंट्स मिल चुके हैं। कमेंट सेक्शन में लोग अपने अनुभव भी साझा कर रहे हैं और पोस्ट पर सक्रिय रूप से प्रतिक्रिया दे रहे हैं। लोगों का मानना है कि यह घटना इस बात का उदाहरण है कि डिजिटल भुगतान किस तरह से अपराध को कम कर रही है।