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Bihar: NEET सॉल्वर गैंग पर मगध मेडिकल कॉलेज का बड़ा एक्शन, दो छात्र सस्पेंड; कैंपस-हॉस्टल में नो एंट्री
Wed, 01 Jul 2026 07:27 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गयाजी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गयाजी
Published by: अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 01 Jul 2026 07:27 PM IST
सार
Bihar News: गयाजी के अनुग्रह नारायण मगध मेडिकल कॉलेज ने नीट फर्जीवाड़े में नाम आने पर दो छात्रों को निलंबित कर कैंपस, हॉस्टल और शैक्षणिक गतिविधियों से प्रतिबंधित कर दिया। जानिए क्या है पूरा मामला।
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अनुग्रह नारायण मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल की फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बिहार के गयाजी स्थित अनुग्रह नारायण मगध मेडिकल कॉलेज ने नीट परीक्षा फर्जीवाड़े में नाम आने के बाद अपने दो छात्रों के खिलाफ कड़ा प्रशासनिक कदम उठाया है। दोनों छात्रों को अगले आदेश तक निलंबित करते हुए कॉलेज कैंपस, हॉस्टल और सभी शैक्षणिक गतिविधियों में प्रवेश पर रोक लगा दी गई है। कॉलेज प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अदालत का अंतिम फैसला आने तक यह कार्रवाई प्रभावी रहेगी।
दो छात्रों पर गिरी गाज
अनुग्रह नारायण मगध मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने नीट परीक्षा फर्जीवाड़े में कथित संलिप्तता के आरोप में छात्र अर्पित सिंह और विवेक कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। दोनों छात्रों को कॉलेज परिसर, हॉस्टल और सभी शैक्षणिक गतिविधियों से पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है। इन पर हालिया नीट परीक्षा में दूसरे अभ्यर्थियों की जगह परीक्षा देने का आरोप है, जिसके बाद उनकी गिरफ्तारी भी हो चुकी है।
कोर्ट के फैसले तक रहेगा निलंबन
कॉलेज प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जब तक इस मामले में माननीय न्यायालय का अंतिम निर्णय नहीं आ जाता, तब तक दोनों छात्रों का निलंबन जारी रहेगा। इस अवधि में उन्हें किसी भी परिस्थिति में कॉलेज परिसर या हॉस्टल में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी।
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कारण बताओ नोटिस का नहीं दिया जवाब
कॉलेज की प्राचार्य डॉ. लता शुक्ला द्विवेदी ने बताया कि दोनों छात्रों का नाम सामने आने के बाद उन्हें 24 घंटे के भीतर जवाब देने के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था। हालांकि, निर्धारित समय बीत जाने के बावजूद किसी भी छात्र ने कॉलेज प्रशासन को कोई जवाब नहीं दिया। इसके बाद प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए उनके प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया।
अधिकारियों और छात्रों को भेजी गई सूचना
कॉलेज प्रशासन की ओर से निलंबन और प्रवेश प्रतिबंध संबंधी आदेश की आधिकारिक सूचना संबंधित विभागीय अधिकारियों के साथ-साथ दोनों छात्रों को भी भेज दी गई है। जानकारी के अनुसार, नीट परीक्षा के दौरान दूसरे अभ्यर्थियों की जगह परीक्षा देने वाले गिरोह की जांच में दोनों छात्रों की कथित भूमिका सामने आई थी। इसके बाद पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार किया। सूत्रों के मुताबिक, हाल ही में सीबीआई की टीम भी मगध मेडिकल कॉलेज पहुंची थी और आरोपी छात्र अर्पित सिंह से मामले में लंबी पूछताछ की थी।
यह भी पढ़ें: बिहार में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 36 अधिकारियों के तबादले, जानें किसे कहां मिली जिम्मेदारी
हॉस्टल से टैबलेट और दस्तावेज जब्त
गिरफ्तारी के बाद जांच एजेंसियों ने आरोपी के हॉस्टल कमरे की तलाशी ली, जहां से एक टैबलेट सहित कई महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए गए। इन सामग्रियों की जांच एजेंसियां गहन पड़ताल कर रही हैं।
कॉलेज ने छात्रों को दी कड़ी चेतावनी
इस पूरे मामले के बाद कॉलेज प्रशासन ने सभी छात्रों को सख्त संदेश दिया है कि किसी भी प्रकार की आपराधिक या असामाजिक गतिविधि में संलिप्तता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में ऐसा कोई मामला सामने आने पर संबंधित छात्र के खिलाफ संस्थान से निष्कासन सहित कठोर कार्रवाई की जाएगी।
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दो छात्रों पर गिरी गाज
अनुग्रह नारायण मगध मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने नीट परीक्षा फर्जीवाड़े में कथित संलिप्तता के आरोप में छात्र अर्पित सिंह और विवेक कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। दोनों छात्रों को कॉलेज परिसर, हॉस्टल और सभी शैक्षणिक गतिविधियों से पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है। इन पर हालिया नीट परीक्षा में दूसरे अभ्यर्थियों की जगह परीक्षा देने का आरोप है, जिसके बाद उनकी गिरफ्तारी भी हो चुकी है।
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कोर्ट के फैसले तक रहेगा निलंबन
कॉलेज प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जब तक इस मामले में माननीय न्यायालय का अंतिम निर्णय नहीं आ जाता, तब तक दोनों छात्रों का निलंबन जारी रहेगा। इस अवधि में उन्हें किसी भी परिस्थिति में कॉलेज परिसर या हॉस्टल में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी।
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कारण बताओ नोटिस का नहीं दिया जवाब
कॉलेज की प्राचार्य डॉ. लता शुक्ला द्विवेदी ने बताया कि दोनों छात्रों का नाम सामने आने के बाद उन्हें 24 घंटे के भीतर जवाब देने के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था। हालांकि, निर्धारित समय बीत जाने के बावजूद किसी भी छात्र ने कॉलेज प्रशासन को कोई जवाब नहीं दिया। इसके बाद प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए उनके प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया।
अधिकारियों और छात्रों को भेजी गई सूचना
कॉलेज प्रशासन की ओर से निलंबन और प्रवेश प्रतिबंध संबंधी आदेश की आधिकारिक सूचना संबंधित विभागीय अधिकारियों के साथ-साथ दोनों छात्रों को भी भेज दी गई है। जानकारी के अनुसार, नीट परीक्षा के दौरान दूसरे अभ्यर्थियों की जगह परीक्षा देने वाले गिरोह की जांच में दोनों छात्रों की कथित भूमिका सामने आई थी। इसके बाद पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार किया। सूत्रों के मुताबिक, हाल ही में सीबीआई की टीम भी मगध मेडिकल कॉलेज पहुंची थी और आरोपी छात्र अर्पित सिंह से मामले में लंबी पूछताछ की थी।
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हॉस्टल से टैबलेट और दस्तावेज जब्त
गिरफ्तारी के बाद जांच एजेंसियों ने आरोपी के हॉस्टल कमरे की तलाशी ली, जहां से एक टैबलेट सहित कई महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए गए। इन सामग्रियों की जांच एजेंसियां गहन पड़ताल कर रही हैं।
कॉलेज ने छात्रों को दी कड़ी चेतावनी
इस पूरे मामले के बाद कॉलेज प्रशासन ने सभी छात्रों को सख्त संदेश दिया है कि किसी भी प्रकार की आपराधिक या असामाजिक गतिविधि में संलिप्तता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में ऐसा कोई मामला सामने आने पर संबंधित छात्र के खिलाफ संस्थान से निष्कासन सहित कठोर कार्रवाई की जाएगी।