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Bihar Vidhan Sabha Election 2020: भाजपा को दूसरा झटका, प्रदेश उपाध्यक्ष के बाद पूर्व विधायक उषा विद्यार्थी लोजपा में शामिल
Wed, 07 Oct 2020 12:35 PM IST
अनवर अंसारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: अनवर अंसारी
Updated Wed, 07 Oct 2020 12:35 PM IST
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पूर्व विधायक उषा विद्यार्थी लोजपा में शामिल
- फोटो : ANI
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भाजपा की वरिष्ठ नेता डॉ उषा विद्यार्थी ने लोजपा का हाथ थाम लिया है। बुधवार को लोजपा अध्यक्ष चिराग पासवान ने उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाई। यह भाजपा के लिए किसी झटके से कम नहीं है, क्योंकि कल ही पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष राजेंद्र सिंह ने भी लोजपा का हाथ थामा।
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उषा विद्यार्थी पटना के पालीगंज विधानसभा सीट से विधायक रह चुकी हैं। इसके अलावा वह बिहार राज्य महिला आयोग की सदस्य भी हैं। ऐसे में लोजपा में शामिल होने के बाद चर्चा शुरू हो गई है कि उषा को एक बार फिर पालीगंज से उम्मीदवार बनाया जा सकता है।
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Delhi: Bihar Bharatiya Janata Party (BJP) leader Dr. Usha Vidyarthi joins Lok Janshakti Party (LJP), in presence of LJP chief Chirag Paswan. pic.twitter.com/Cz81yelv7k
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) October 7, 2020
लोजपा में शामिल होने के बाद उषा ने कहा कि वह मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर लिए गए चिराग के स्टैंड से खासा प्रभावित हुई हैं। उन्होंने कहा कि बिहार को आगे ले जाने के लिए कुछ कड़े कदम उठाने होंगे। बिहार फर्स्ट, बिहारी फर्स्ट एक विचार है।
बताया गया है कि उषा को शामिल कराने के पीछे चिराग का ही हाथ है, उन्होंने पार्टी नेताओं से उषा को लोजपा में शामिल कराने की चर्चा की थी। दो महीने पहले उषा ने कहा था कि पालीगंज सीट भाजपा की परंपरागत सीट है। यदि सीट परिवर्तित होती है तो वह निर्दलीय चुनाव लड़ेंगी।
बता दें कि उषा विद्यार्थी ने एमए, पीएचडी और एलएलबी किया हुआ है। उन्होंने 1992 में राजनीति में प्रवेश किया था। उषा पिछले 28 वर्षों से भाजपा में जुड़ी थीं। वह भाजपा संगठन में काम करते हुए विभिन्न पदों पर रह चुकी हैं। उषा प्रदेश उपाध्यक्ष और प्रदेश प्रवक्ता के पद पर भी रह चुकी हैं।
इससे पहले, भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष राजेंद्र सिंह लोजपा में शामिल हो गए। पार्टी अध्यक्ष चिराग पासवान ने उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाई। इसी के साथ लोजपा ने राजेंद्र सिंह को दिनारा सीट से अपना उम्मीदवार भी बना दिया।