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DEO Suspended : भ्रष्टाचार और घोर कदाचार का प्रमाण दो करोड़ की संपत्ति ने दिया, डीईओ रजनीकांत प्रवीण निलंबित

Thu, 23 Jan 2025 04:23 PM IST
कृष्ण बल्लभ नारायण न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना Published by: कृष्ण बल्लभ नारायण Updated Thu, 23 Jan 2025 04:23 PM IST
सार

Bihar News : बिहार की नीतीश कुमार भ्रष्टाचार को लेकर फौरी कार्रवाई की दिशा में है। भ्रष्टाचार और घोर कदाचार के प्रमाण के तौर पर मिली दो करोड़ से अधिक की संपत्ति के आधार पर पश्चिमी चंपारण के जिला शिक्षा पदाधिकारी को निलंबित कर दिया गया है।

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Bihar News : West Champaran deo rajnikant praveen suspended rajnikant praveen deo bettiah news
दो करोड़ की चल-अचल संपत्ति मिलते ही निलंबित किए गए रजनीकांत प्रवीण। - फोटो : अमर उजाला डिजिटल

विस्तार

बिहार सरकार ने शिक्षा विभाग के अपने एक जिलास्तरीय अधिकारी को गंभीर भ्रष्टाचार और घोर कदाचार का दोषी पाया है। तत्काल एक्शन लिया गया है। गुरुवार सुबह ही निगरानी इकाई ने पूर्वी चंपारण के जिला शिक्षा पदाधिकारी रजनीकांत प्रवीण के कई ठिकानों पर एक साथ जांच शुरू की। नोटों के बंडल गिनने में मशीनों को लगाया गया और जबतक इसे पूरा गिना जाता, शिक्षा विभाग ने संकल्प पत्र के जरिए रजनीकांत प्रवीण के निलंबन का आदेश जारी कर दिया। अबतक इनके पास से दो करोड़ से अधिक की चल-अचल संपत्ति मिलने की बात सरकार ने भी स्वीकार की है, जिसके आधार पर शिक्षा विभाग के निदेशक (प्रशासन)-सह-अपर सचिव सुबोध कुमार चौधरी के हस्ताक्षर से डीईओ रजनीकांत प्रवीण को निलंबित कर दिया गया है। 

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विभागीय कार्यवाही चलेगी, जीवनयापन भत्ता मिलेगा
विशेष निगरानी इकाई की पटना टीम ने रजनीकांत प्रवीण के बेतिया स्थित किराये के मकान के साथ दरभंगा, समस्तीपुर, मधुबनी आदि जिलों में जांच की। अभी पूरा हिसाब नहीं हुआ है। दोपहर बाद तीन बजे तक ही दो करोड़ से अधिक नकदी और अचल संपत्ति प्राप्त होने की सूचना शिक्षा विभाग को मिली। छापेमारी जारी रहने के दरम्यान ही रजनीकांत प्रवीण को जिला शिक्षा पदाधिकारी के पद से निलंबित किए जाने का संकल्प पत्र जारी किया गया। इस पत्र के अनुसार निलंबन के साथ रजनीकांत प्रवीण के खिलाफ बिहार सरकारी सेवक (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियमावली 2005 के प्रावधानों के तहत विभागीय कार्यवाही अलग से शुरू की जाएगी। निलंबन अवधि में प्रवीण को क्षेत्रीय शिक्षा उप निदेशक कार्यालय पूर्णिया से अटैच किया गया है। निलंबन अवधि में इन्हें जीवन निर्वाह भत्ता मिलेगा।
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खाद रखने वाली बोरी में मिले 50 लाख कैश और गहने
छापेमारी टीम ने बताया कि खाद रखने वाली बोरी से 50 लाख कैश और गहने मिले हैं। नोट गिनने वाली मशीन से पैसों की गिनती जारी है। आय से अधिक मामले में ये कार्रवाई की गई है।रजनीकांत प्रवीण नालंदा के रहने वाले हैं। समस्तीपुर में उनका ससुराल है। इनकी पत्नी स्कूल चलाती हैं। साली भी टीचर है। रजनीकांत 3 साल से बेतिया में पदस्थापित हैं। बेतिया के DEO ऑफिस के क्लर्क अंजनी कुमार के घर पर भी टीम पहुंची, लेकिन घर पर ताला लगा मिला। सभी लोग फरार हैं। कुल 7 ठिकानों पर रेड चल रही है। 40 सदस्यीय टीम छापेमारी में शामिल है।इधर बगहा के वाल्मीकि नगर में भी रजनीकांत प्रवीण के एक स्कूल में छापेमारी चल रही है।
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बेतिया वाले घर से मिला 3 करोड़ रुपया 
निगरानी विभाग के मुताबिक, रजनीकांत प्रवीण ने साल 2005 से लेकर अब तक लगभग 1.87 करोड़ रुपए की चल और अचल संपत्ति अर्जित की है। यह संपत्ति उनकी 20 साल की सर्विस से मेल नहीं खाती है।यह संपत्ति अवैध तरीके से अर्जित की गई है। रजनीकांत साल 2005 से नौकरी में है। दरभंगा, समस्तीपुर, मधुबनी और अन्य जिलों में वे शिक्षा अधिकारी के रूप में काम कर चुके हैं। उन पर 19-20 साल की नौकरी में अपने पद का दुरुपयोग कर अवैध संपत्ति अर्जित करने का आरोप है। विजिलेंस टीम ने बगहा, मधुबनी और दरभंगा में एक साथ छापेमारी की, जिसमें सबसे ज्यादा 3 करोड़ रुपए कैश बेतिया वाले घर से जब्त किए गए हैं। कार्रवाई अभी जारी है।

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