{"_id":"604705a08ebc3ec8997970a1","slug":"bihar-jdu-mla-gopal-mandal-arrived-to-capture-land-villagers-held-hostage","type":"story","status":"publish","title_hn":"नीतीश के विधायक की दबंगई : जमीन पर कब्जा करने पहुंचे थे गोपाल मंडल, गांव वालों ने बनाया बंधक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नीतीश के विधायक की दबंगई : जमीन पर कब्जा करने पहुंचे थे गोपाल मंडल, गांव वालों ने बनाया बंधक
Tue, 09 Mar 2021 02:28 PM IST
प्रियंका तिवारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: प्रियंका तिवारी
Updated Tue, 09 Mar 2021 02:28 PM IST
विज्ञापन
बिहार के गोपालपुर से जदयू विधायक गोपाल मंडल
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सत्ता के नशे में चूर भागलपुर जिले के गोपालपुर से जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के विधायक नीरज मंडल उर्फ गोपाल मंडल व बांका के गांव वालों के मध्य रविवार को अच्छी-खासी तनातनी हो गई।दरअसल, बिहार में सत्ताधारी पार्टी जदयू के विधायक गोपाल मंडल हथियार और दल-बल के साथ 20 एकड़ की जमीन पर कब्जा जमाने पहुंचे थे, लेकिन गांव के अंदर जाना उन्हें भारी पड़ गया क्योंकि विधायक से नाराज गांव वालों ने उन्हें बंधक बना लिया।
विज्ञापन
ग्रामीणों ने उन्हें काफी देर तक बंधक बनाकर रखा। इस दौरान दोनों ही पक्षों की तरफ से काफी नोकझोंक हुई। बाद में जदयू के जिला महामंत्री उमेश यादव ने पहुंचकर बीच-बचाव कर विधायक को मुक्त करवाया।
विज्ञापन
इस घटना के बाद भी विधायक गोपाल मंडल के तेवर में कोई कमी नहीं आई। बीते सोमवार को नवगछिया अनुमंडल कार्यालय कैंपस में चर्चा के दौरान जब मीडिया ने इस घटना को लेकर उनसे सवाल किया तो उन्होंने कहा, 'अगर पुलिस नहीं आती तो दोनों तरफ से मार होती। वह लोग ज्यादा लाठीबाज नहीं थे, बनिया बेताल था और हमारे सामने टिकते नहीं। एक बार लाठी पकड़ लेते तो कितना को झांट देते। लड़ाकू आदमी हैं हम। फिर मेरे पास रिवॉल्वर तो रहता ही है, जरूरत पड़ती तो ठोक देते। हो सकता है कि आक्रोश में हम गोली ही मार देते।'
विज्ञापन
उन्होंने तेवर दिखाते हुए आगे कहा, ‘नौ माह पहले जमीन लिए थे। इस दौरान पच्चीसों बीघा वह लोग घेर लिए हैं। उस जमीन पर स्कूल बनाने की सोचे हैं। मैं तो गया था जमीन देखने, लेकिन वहां वह लोग तो जमीन घेर रहे थे।'
उन्होंने कहा, 'बंधक बनाने की बात झूठी है, सिर्फ बातचीत हुई थी। एक घंटा हम लोगों को डिस्टर्ब किया, उसको बंधक कहिए या जो कहिए। मैंने डीएसपी को कहा कि गांव में हंगामा मच रहा है और कुछ कहानी हो सकती है। मैंने कहा कि मैं हथियार लेकर आया हूं और गांव वाले भी लाठी-डंडा बरसा रहे हैं, कुछ ना कुछ हो सकता है।’
विधायक का कहना है कि जब उन्हें पता चला कि जिस जमीन को वह लेने गए थे, वह विवादित है तब वह वहां से जा रहे थे, लेकिन ग्रामीणों ने उन्हें घेर लिया। गोपाल मंडल ने कहा कि घटनास्थल पर उनके एक समर्थक ने उनके नाम से जिंदाबाद का नारा लगाया, तो ग्रामीणों ने विधायक के मुर्दाबाद के नारे लगाने शुरू कर दिए।
उन्होंने आगे कहा, ‘जिंदाबाद और मुर्दाबाद से कोई फर्क नहीं पड़ता है, हम तो जिंदा ही रहेंगे। जब ग्रामीणों की तरफ से लाठी डंडे चल रहे थे, तब मेरे भी लोगों ने हथियारों के साथ पोजीशन ले ली थी।’
जानकारी के मुताबिक, विधायक आधे दर्जन वाहनों में करीब 30 समर्थकों के साथ जमीन पर दावा करने बीते रविवार शाम बांका स्थित श्याम बाजार पहुंचे थे, जहां पर ग्रामीणों ने उन्हें चारें तरफ से घेर लिया और उन्हें बंधक बना लिया।
इस बात की सूचना जब जदयू के जिला महामंत्री उमेश यादव को पता चली तो उन्होंने पुलिस के साथ गांव में जाकर किसी तरीके से आक्रोशित जनता को शांत कराया और विधायक को ग्रामीणों के चंगुल से आजाद करवाया।