सामुद्रिक शास्त्र: जानिए शरीर के कौन से अंग के फड़कने का क्या होता है मतलब
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सामुद्रिक शास्त्र एक ऐसा शास्त्र है जिसमें व्यक्ति के अंगों के आकार, चेहरे की बनावट, शरीर के निशान आदि का आकलन करके उसके व्यक्तित्व और मानसिकता के बारे में बताया जा सकता है। कभी-कभी हमारे शरीर के कुछ अंग हमें फड़कते हुए महसूस होते हैं। जिसे हम सामान्य ही मानते हैं, लेकिन सामुद्रिक शास्त्र कहता है कि व्यक्ति के अंगो के फड़कने का भी मतलब होता है। तो चलिए जानते हैं कि किस अंग के फड़कने का क्या मतलब होता है।
सामुद्रिक शास्त्र के अनुसार पुरुष के शरीर का दांया अंग और स्त्री के शरीर का बायां भाग फड़कना शुभ माना जाता है। यदि किसी पुरूष का बांया अंग फड़कता है तो माना जाता है कि उसे भविष्य में किसी समस्या का सामना करना पड़ सकता है। इसी तरह से यदि किसी स्त्री का दांया अंग फड़कता है। तो यह किसी दुखद घटना का संकेत माना जाता है।
माथा
यदि किसी व्यक्ति को अपने माथे पर हलचल महसूस होती है यानि उसका माथा फड़कता है तो इसका मतलब होता है कि उसे भौतिक सुखों की प्राप्ति होने वाली है।
कनपटी
कनपटी का फड़कना भी बहुत ही शुभ माना जाता है। किसी भी व्यक्ति की कनपटी के फड़ने का मतलब होता है कि उसे धन लाभ होने वाला है।
आंख
यदि किसी व्यक्ति की दांयी आंख फड़कती है तो उसकी इच्छा पूर्ति का संकेत होता है। लेकिन बहुत ज्यादा दिनों तक आंख का फड़कना सही नहीं माना जाता है। यह किसी लंबी बीमारी होने का संकेत माना जाता है।
गालों का फड़कना
वैसे तो बहुत ही कम होता है कि किसी के दोनों गालों में एक साथ हलचल महसूस हो, लेकिन जब किसी व्यक्ति के दोनों गाल एक साथ फड़कते हैं तो यह धन लाभ की ओर संकेत देता है।
होठों में हलचल महसूस होना
यदि किसी के होंठ फड़कते हैं तो इसका मतलब है कि कोई बहुत अच्छा दोस्त उसके जीवन में आने वाला है।
कंधे
यदि किसी व्यक्ति का दायां कंधा फड़कता है तो यह अत्यधिक धन लाभ होने का संकेत माना जाता है। बाएं कंधे का फड़कना सफलता का सूचक माना जाता है। जब किसी को दोनों कंधे एक साथ फड़के तो यह किसी से बड़ा झगड़ा होने का संकेत है।
हथेलियां
यदि किसी की हथेलियां फड़कती हैं तो यह किसी समस्या का संकेत है। तो वहीं उंगलियों में हलचल पुराने दोस्त से मुलाकात होने की सूचक हैं।
किसी की दांयी ओर यानि सीधी तरफ की कोहनी के फड़कने का मतलब होता है कि उसका किसी के साथ झगड़ा होने वाला है। बांई कोहनी का फड़कना आपको समाज में प्रतिष्ठा दिला सकता है।
पीठयदि किसी की पीठ में हलचल महसूस हो तो यह शुभ नहीं माना जाता है। पीठ फड़कने का मतलब होता है कि आने वाले समय में व्यक्ति को बड़ी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है।
दांयी जांघयदि किसी की दांयी जांघ फड़कती है तो यह माना जाता है कि उसे किसी बात को लेकर शर्मिंदगी का सामना करना पड़ सकता है। वहीं बांयी ओर की जांघ के फड़कने पर व्यक्ति को धन लाभ हो सकता है।
पैर के तलवेयदि किसी के दाएं पैर के तलवे में फड़कन महसूस होती है तो यह समाजिक सम्मान में हानि का संकेत माना जाता है। तो वहीं बांए पैर को तलवे में यदि किसी को हलचल होती है तो माना जाता है कि भविष्य में यात्रा करनी पड़ सकती है।
दोनों भौहों के बीचों-बीच में फड़कनाअगर आपके माथे का केंद्र बिंदु यानि भौहों के मध्य में यदि हलचल महसूस होती है समझिए कि आपके आने वाले जीवन में खुशियां और सुख के दिन आने वाले हैं। आपके कारोबार में तरक्की होने वाली है। जिससे आप्रत्याशित लाभ हो सकता है।
गले में फड़कन महसूस होनायदि किसी के गले में फड़कन महसूस होती है तो ये भी एक अच्छा संकेत माना जाता है। गले के फड़कने का मतलब होता है कि आपको समाज में सम्मान की प्राप्ति होने वाली है और आपके जीवन में खुशहाली एवं आराम के दिन आने वाले हैं।
कमर का दांया हिस्सा फड़कना
यदि किसी की कमर का दांया भाग फड़कता है तो यह माना जाता है कि उसे भविष्य में धन लाभ हो सकता है।