रायबरेली में छतैया ग्राम प्रधान गनेश प्रसाद के बेटे रमाकांत (30) की हत्या से रविवार को परिजन आक्रोशित हो गए। सभी ने घटना के लिए पुलिस को जिम्मेदार ठहराते हुए शव का अंतिम संस्कार करने से इन्कार कर दिया। सभी बछरावां कोतवाली प्रभारी श्याम कुमार पाल को निलंबित किए जाने की मांग कर रहे थे। पूर्व विधायक राकेश सिंह और सीओ महराजगंज प्रदीप कुमार ने मामले में सख्त कार्रवाई कराने का भरोसा देकर सभी को शांत कराया। इसके बाद रमाकांत के शव का गांव स्थित बाग में अंतिम संस्कार किया गया। उधर, पुलिस ने युवक की हत्या में शामिल दंपती समेत तीन आरोपियों को पकड़कर जेल भेजा। हरचंदपुर थाना क्षेत्र के छतैया गांव निवासी रमाकांत की शनिवार दोपहर बछरावां के खैरहनी गांव में ईंट से कूंचकर हत्या कर दी गई थी। वारदात को खैरहनी गांव निवासी सुरेंद्र रावत ने अपनी पत्नी सोनी के साथ मिलकर अंजाम दिया था। सोनी और रमाकांत के बीच प्रेम-प्रसंग चल रहा था। रमाकांत प्रेमिका से मिलने गांव पहुंचा था, तभी उसकी हत्या कर दी गई थी। सोनी रमाकांत से पीछा छुड़ाना चाहती थी। सुबह परिजन आक्रोशित हो गए। सभी ने रमाकांत के शव का अंतिम संस्कार करने से इन्कार कर दिया। आरोप लगाया कि बछरावां पुलिस से मामले की शिकायत हुई थी। बावजूद पुलिस ने कार्रवाई नहीं की। बछरावां कोतवाली प्रभारी को तत्काल निलंबित किया जाए।घटना में महिला के देवर वीरेंद्र भी शामिल था। उस पर भी कार्रवाई। मौके पर बछरावां कोतवाली प्रभारी के अलावा सीओ महराजगंज और हरचंदपुर के पूर्व विधायक राकेश सिंह गांव पहुंचे। पूर्व विधायक और सीओ ने परिजनों से बातचीत की। मामले में कार्रवाई कराने की बात कहकर परिजनों को शांत कराया। इस पर अंतिम संस्कार हो सका। उधर, सीओ महराजगंज प्रदीप कुमार ने बताया कि मृतक रमाकांत के पिता की तहरीर पर मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई है। आरोपी दंपती और वीरेंद्र को जेल भेजा गया है।