अयोध्या के सीएचसी रुदौली में प्रसव के बाद रुपये मांगने का आरोप सामने आया है। ग्राम धर्मनगर निवासी अरुण ने आरोप लगाया कि पत्नी सुमन की सामान्य डिलीवरी के बाद ड्यूटी पर तैनात स्टाफ नर्स ने परिजनों से 3800 रुपये की मांग की। रुपये देने से इनकार करने पर अभद्र व्यवहार करने का भी आरोप है। मामले की शिकायत सीएचसी अधीक्षक से की गई। शिकायत के बाद स्टाफ नर्स द्वारा लिए गए रुपये वापस कर दिए गए। अब मामले में सोमवार को संबंधित स्टाफ नर्स और वार्ड आया को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा जाएगा। अरुण का आरोप है कि रविवार सुबह करीब नौ बजे वह पत्नी सुमन को प्रसव के लिए सीएचसी रुदौली लेकर पहुंचे थे। महिला को लेबर रूम में भर्ती किया गया। प्रसव के बाद बच्चे के सामान्य रूप से जन्म लेने पर परिजन खुश थे। आरोप है कि इसके बाद ड्यूटी पर मौजूद स्टाफ नर्स ने सुमन की सास से रुपये की मांग शुरू कर दी। परिजनों का आरोप है कि नर्स ने 1100 रुपये अपने लिए, तीन नर्सों के लिए 500 रुपये और सफाई के नाम पर अलग से रुपये मांगे। परिजन 1600 रुपये देने को तैयार थे, लेकिन आरोप है कि नर्स ने रकम लेने से इनकार कर दिया और कुल 3800 रुपये देने को कहा। रुपये देने में असमर्थता जताने पर परिजनों से अभद्र व्यवहार करने का भी आरोप लगाया गया। मामले की जानकारी होने पर परिजनों ने सीएचसी अधीक्षक से शिकायत की। शिकायत के बाद स्टाफ नर्स द्वारा लिए गए रुपये वापस कर दिए गए। परिजनों के अनुसार, घटना के समय लेबर रूम में स्टाफ नर्स वर्षा, सुषमा और वार्ड आया प्रवीण की ड्यूटी थी। इमरजेंसी में ड्यूटी कर रहे डॉ. कौशलेंद्र ने मामले की जानकारी होने से इनकार किया। सीएचसी अधीक्षक डॉ. रवींद्र शुक्ला ने बताया कि शिकायत मिली है। सोमवार को संबंधित स्टाफ नर्स और वार्ड आया को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा जाएगा। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रसव कराने आई महिला के परिजनों से रुपये मांगना गलत है।