अमेठी में सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को अब मध्याह्न भोजन के साथ अतिरिक्त पौष्टिक नाश्ता भी मिलेगा। प्रधानमंत्री पोषण योजना के तहत शुरू हो रही इस व्यवस्था का उद्देश्य विद्यार्थियों को पोषणयुक्त आहार उपलब्ध कराने के साथ उनके खानपान में विविधता लाना है। शुक्रवार से लागू होने वाली इस पहल के दायरे में जिले के 1651विद्यालय आएंगे। इनमें 1139 परिषदीय, 236 उच्च प्राथमिक, 197 कंपोजिट, 59 एडेड और 15 राजकीय और पांच मदरसा विद्यालय शामिल हैं। इन स्कूलों में पढ़ने वाले एक लाख 40 हजार से अधिक छात्र-छात्राओं को इसका लाभ मिलेगा। नई व्यवस्था में बच्चों को हर शुक्रवार अलग-अलग व्यंजन दिए जाएंगे। इससे उनके भोजन में विविधता आएगी और नियमित मध्याह्न भोजन के अतिरिक्त पोषण भी मिलेगा। योजना को लेकर शिक्षकों का मानना है कि विद्यालय में मिलने वाले भोजन में नए व्यंजन शामिल होने से बच्चों की रुचि बढ़ेगी और उन्हें संतुलित आहार के महत्व से भी परिचित कराया जा सकेगा। शिक्षक प्रमोद तिवारी का कहना है कि बच्चों को नियमित भोजन के अलावा अतिरिक्त आहार मिलने से उनके खानपान में विविधता आएगी। शिक्षक विवेक शुक्ला के मुताबिक, विद्यालयों में पोषण से जुड़ी ऐसी पहल बच्चों के स्वास्थ्य के लिए उपयोगी है। शिक्षिका पूर्णिमा तिवारी का कहना है कि बच्चों को पौष्टिक भोजन के प्रति जागरूक करने में भी यह व्यवस्था मददगार होगी। डॉ. रमाशंकर यादव के अनुसार, बढ़ती उम्र में बच्चों को संतुलित आहार मिलना जरूरी है। बच्चों में भी नए मेन्यू को लेकर उत्सुकता है। कक्षा पांच के एक विद्यार्थी ने कहा कि उसे स्कूल में मिलने वाले नए नाश्ते का इंतजार है। कक्षा चार की छात्रा के मुताबिक, अलग-अलग व्यंजन मिलने से स्कूल में भोजन का अनुभव अच्छा होगा। कक्षा तीन के एक विद्यार्थी ने कहा कि वह अपने दोस्तों के साथ नया नाश्ता करना चाहता है। कक्षा पांच की एक अन्य छात्रा ने बताया कि उसे नए व्यंजनों का स्वाद चखने की उत्सुकता है। मेन्यू के अनुसार महीने के पहले और तीसरे शुक्रवार को मीठा हलवा, जबकि दूसरे, चौथे और पांचवें शुक्रवार को नमकीन उपमा दिया जाएगा। प्रत्येक बच्चे के लिए कम से कम 30 ग्राम सूजी निर्धारित की गई है। हलवा बनाने में सूजी के साथ घी, चीनी और घिसा हुआ नारियल इस्तेमाल होगा। उपमा में सूजी के साथ मौसमी सब्जियां, मूंगफली, तेल, नमक और मसाले मिलाए जाएंगे। नाश्ता तैयार करने और परोसने के लिए रसोइयों को प्रति विद्यार्थी दो रुपये अतिरिक्त पारिश्रमिक मिलेगा। बेसिक शिक्षा अधिकारी संजय तिवारी ने बताया कि छह नवंबर से फरवरी 2027 के तीसरे सप्ताह तक पूरक पोषण आहार का वितरण कराया जाएगा। सभी संबंधित विद्यालयों में व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए गए हैं। बच्चों को निर्धारित मेन्यू के अनुसार पौष्टिक आहार उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।