राज्यसभा सांसद एवं पूर्व क्रिकेटर हरभजन सिंह के जालंधर स्थित घर के बाहर आज आंगनवाड़ी वर्करों ने ‘जवाब मांग रैली’ के तहत प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में पहुंची महिलाओं ने अपनी लंबित मांगों को लेकर केंद्र सरकार और भाजपा के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस बल भी मौके पर तैनात रहा। प्रदर्शनकारी आंगनवाड़ी वर्करों का कहना है कि करीब 12 साल से वे मानदेय बढ़ने और पेंशन योजना लागू होने का इंतजार कर रही हैं। उनका आरोप है कि केंद्र सरकार की 60:40 योजना के तहत उन्हें महज 2,700 रुपये दिए जा रहे हैं, जबकि इसके अलावा नशा मुक्ति मुहिम, ‘मावां धीयां सत्कार योजना’ समेत कई सरकारी योजनाओं का अतिरिक्त काम भी करवाया जा रहा है। वर्करों ने आरोप लगाया कि गलत पेंशन भुगतान का हवाला देकर उनकी पेंशन काटने के आदेश जारी किए गए हैं। उनका यह भी दावा है कि मांगों को लेकर आवाज उठाने पर कुछ वर्करों के खिलाफ पुलिस केस दर्ज किए गए और लाठीचार्ज तक हुआ। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि 35 साल तक सेवा देने वाले कर्मचारियों को भी अपेक्षित लाभ नहीं मिल रहा, जबकि सरकारी काम एनजीओ को सौंपे जा रहे हैं। आंगनवाड़ी वर्करों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द विचार नहीं किया गया तो 1 और 2 दिसंबर को बड़े स्तर पर प्रदर्शन किया जाएगा और आंदोलन को और तेज किया जाएगा।