मोगा में पिछले 26 सालों से समाजसेवा सोसाइटी लगातार मानवता की मिसाल पेश कर रही है। संस्था के सदस्य ने एक्सीडेंट और लावारिस हालत में मिलने वाले शवों को सड़क, खाली प्लॉट, नहर, रेलवे ट्रैक और अन्य स्थानों से उठाकर अस्पताल पहुंचाते हैं। अस्पताल के मोर्चरी में शव को रखकर शव की पहचान नहीं हो पाती तो संस्था अपने खर्चे पर उसका अंतिम संस्कार करवाती है। संस्था के अनुसार, पिछले 26 वर्षों के दौरान अब तक करीब 700 लावारिस शव बरामद किए जा चुके हैं। इनमें से केवल 10-15 शवों की पहचान अंतिम संस्कार के बाद सोशल मीडिया के माध्यम से हो पाई। अगर वर्ष 2025 और 2026 की बात करें तो इन दो वर्षों में करीब 105 लावारिस शव मिले हैं। इनमें करीब 30 शव खाली प्लॉटों, करीब 35 शव नहरों, जबकि 35-40 शव रेलवे ट्रैक के आसपास से मिले। इसके अलावा 4-5 शव अन्य स्थानों से बरामद हुए।