किसान मजदूर मोर्चा (केएमएम) के वरिष्ठ किसान नेता सरवण सिंह पंधेर ने पंजाब सरकार के खिलाफ नए आंदोलन का ऐलान किया है। पंधेर ने कहा कि पंजाब के करीब आठ कैबिनेट मंत्रियों के घरों के बाहर किसान मजदूर मोर्चे के तहत पक्के धरने लगाए जाएंगे। इनमें माझा क्षेत्र के दो, दोआबा के दो और मालवा क्षेत्र के चार कैबिनेट मंत्री शामिल हैं। उन्होंने बताया कि वह न्यू अमृतसर में कैबिनेट मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ के घर के बाहर मौजूद हैं, जहां धरने के लिए जगह की सफाई और अन्य तैयारियां की जा रही हैं। पंधेर ने कहा कि मोर्चे की प्रमुख मांगों में पांच फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर खरीद की कानूनी गारंटी देना शामिल है। उन्होंने फसलों के दाम सी2+50 प्रतिशत के फार्मूले के अनुसार तय करने की मांग की। इसके अलावा किसानों और खेत मजदूरों को कर्जमुक्त करने की मांग भी रखी गई। उन्होंने कहा कि कर्ज के कारण आत्महत्या करने वाले किसानों और मजदूरों के परिवारों को 10 लाख रुपये मुआवजा और एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए। शंभू-खनौरी आंदोलन में शहीद हुए किसानों के परिवारों को मुआवजा व सरकारी नौकरी तथा घायलों को उचित मुआवजा और इलाज की सुविधा देने की मांग भी की गई। पंधेर ने पंजाब की लैंड पूलिंग नीति वापस लेने, किसान आंदोलनों के दौरान दर्ज पुलिस, रेलवे और पराली जलाने से जुड़े मामले वापस लेने तथा किसानों के जमीन-मालिकी अधिकार मजबूत करने की मांग की। उन्होंने पंजाब के नदी जल विवाद को रिपेरियन सिद्धांत के अनुसार हल करने और बारिश के पानी को जमीन के नीचे पहुंचाने के लिए ठोस नीति बनाने की बात कही।